{"_id":"5c2ad300bdec2256e517ee5f","slug":"loksabha-worker-dies-of-swine-flu","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"दिल्ली में स्वाइन फ्लू का कहर, लोकसभा कर्मचारी की इलाज के दौरान मौत","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
दिल्ली में स्वाइन फ्लू का कहर, लोकसभा कर्मचारी की इलाज के दौरान मौत
Tue, 01 Jan 2019 08:10 AM IST
शाहरुख खान
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, दिल्ली
Published by: शाहरुख खान
Updated Tue, 01 Jan 2019 08:10 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
कुछ समय से दिल्ली में शांत चल रहे स्वाइन फ्लू ने एक बार फिर जोर पकड़ लिया है। स्वाइन फ्लू से लोकसभा के एक कर्मचारी की मौत हो गई। शनिवार को डॉ. राम मनोहर लोहिया अस्पताल (आरएमएल) ले जाते समय कर्मचारी ने दम तोड़ा।
लोकसभा के एंप्लोई वेलफेयर ऑफिसर किरण भार्गव ने बताया कि जब कर्मचारी दायवाला रमेश (39) को सांस लेने में तकलीफ हुई, तो वह आरएमएल अस्पताल गए और वहां से बीएल कपूर अस्पताल।
मेडिकल जांच में दायवाला रमेश को स्वाइन फ्लू की पुष्टि हुई। इस बीच उनकी हालत बेहद गंभीर हो गई। शनिवार शाम लगभग 7 बजे उन्हें फिर राम मनोहर लोहिया अस्पताल ले जाया गया, लेकिन रास्ते में उनकी मौत हो गई। दायवाला रमेश लाइब्रेरी में तैनात थे।
विज्ञापन
कर्मचारियों में वायरस फैलने का डर
बताया जा रहा है कि रमेश की मौत ने कर्मचारियों को डर में ला दिया है कि कहीं वे भी स्वाइन फ्लू के वायरस के संपर्क में न आ गए हों। अंदेशा है कि रमेश को स्वाइन फ्लू की शिकायत कुछ दिन पहले से रही होगी, लेकिन वह इसे लेकर सतर्क नहीं रहे या इसका एहसास नहीं हुआ।
विज्ञापन
लोकसभा के एंप्लोई वेलफेयर ऑफिसर किरण भार्गव ने बताया कि जब कर्मचारी दायवाला रमेश (39) को सांस लेने में तकलीफ हुई, तो वह आरएमएल अस्पताल गए और वहां से बीएल कपूर अस्पताल।
विज्ञापन
मेडिकल जांच में दायवाला रमेश को स्वाइन फ्लू की पुष्टि हुई। इस बीच उनकी हालत बेहद गंभीर हो गई। शनिवार शाम लगभग 7 बजे उन्हें फिर राम मनोहर लोहिया अस्पताल ले जाया गया, लेकिन रास्ते में उनकी मौत हो गई। दायवाला रमेश लाइब्रेरी में तैनात थे।
विज्ञापन
कर्मचारियों में वायरस फैलने का डर
बताया जा रहा है कि रमेश की मौत ने कर्मचारियों को डर में ला दिया है कि कहीं वे भी स्वाइन फ्लू के वायरस के संपर्क में न आ गए हों। अंदेशा है कि रमेश को स्वाइन फ्लू की शिकायत कुछ दिन पहले से रही होगी, लेकिन वह इसे लेकर सतर्क नहीं रहे या इसका एहसास नहीं हुआ।
स्वास्थ्य विभाग ने साधी चुप्पी
बहरहाल मरीज की स्वाइन फ्लू से मौत होने पर जब दिल्ली स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों से संपर्क किया गया, तो उन्होंने कोई जानकारी नहीं दी, जबकि नियम है कि अगर कोई मरीज स्वाइन फ्लू ग्रस्त पाया जाता है तो विभागीय टीम उसके घर और ऑफिस के आसपास के स्थान पर जाकर निरीक्षण करती है। साथ ही विभागीय टीम मौजूदा लोगों के स्वास्थ्य की जांच भी करती है।
दिल्ली में स्वाइन फ्लू की स्थिति (2018)
मरीज 138
मौत 3 (रमेश को मिलाकर)
सैंपल जांच 60 हजार
दिल्ली में स्वाइन फ्लू की स्थिति (2018)
मरीज 138
मौत 3 (रमेश को मिलाकर)
सैंपल जांच 60 हजार