'कानून के शिकंजे से नहीं बच सकते केजरीवाल, आज बेल तो कल जेल का मुद्दा कायम'
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मानहानि के केस में पंजाब के राजस्व एवं लोक संपर्क मंत्री ने शुक्रवार को शक्ति प्रदर्शन किया। हजारों की संख्या में अकाली कार्यकर्ताओं के साथ कोर्ट कांपलेक्स में पहुंचे मजीठिया ने पत्रकारों से कहा कि केजरीवाल ने मामले में रोजाना आधार पर सुनवाई की अर्जी दाखिल करने से इंकार करते हुए अपना दोष कबूल कर लिया है।
उन्होंने कहा कि यह उनकी या परिवार की नहीं बल्कि समूह पंजाबी भाईचारे की जीत है। उन्होंने कहा कि दिल्ली का मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल मामले में जमानत लेकर कानून के शिकंजे में से नहीं निकल सकते।
केजरीवाल के लिए आज बेल तो कल जेल का मुद्दा है व इससे भाग तो सकते हैं पर कानूनी शिकंजे से नहीं बच सकते। उन्होंने ने कहा कि फौजदारी केसों में शामिल आरोपी आप विधायकों की संख्या एक दर्जन के आंकड़े को पार कर चुकी है।
हजारों की संख्या में शिअद समर्थक पहुंचे कोर्ट
उन्होंने संसद के सुरक्षा प्रबंधों की लाइव फुटेज जारी करने वाले सांसद को भगवंत मान को देश विरोधी कार्रवाई के लिए बड़ा गुनहगार बताया। उन्होंने आरोप लगाया कि केजरीवाल अपने भ्रष्ट साथियों की सभी करतूतों का समर्थन करते हैं।
एक ओर तो वे भ्रष्टाचार के विरुद्ध बोलते हैं तो दूसरी ओर लालू प्रसाद यादव से गले मिलते हैं। उन्होंने कहा कि पहले केजरीवाल मुकेश अंबानी के खिलाफ बेतुकी बयानबाजी करते रहे है, फिर यूपीए सरकार दौरान गांधी परिवार से जान का खतरा बताया और अब ऐसा ही खतरा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से बता रहे हैं।
उन्होंने कहा केजरीवाल पर उनकी ही पार्टी का विधायक धमकाने के आरोप लगा रहा है। उन्होंने आशंका जताई कि केजरीवाल को कुछ विदेशी शक्तियों की शह प्राप्त है, जो पंजाब में मुश्किल से कायम हुए अमन शांति के माहौल को भंग करने के लिए हर प्रयास कर रही हैं।
इस मौके पर केबिनेट मंत्री गुलजार सिंह रणिके, जनमेजा सिंह सेखों, शरनजीत सिंह ढिल्लों, डॉ. दलजीत सिंह चीमा, सोहन लाल ठंडल, स्त्री अकाली दल की अध्यक्ष बीबी जागीर कौर, मुख्यमंत्री के सलाहकार महेशइंद्र सिंह गरेवाल, विधायक बलजीत सिंह जलालउस्मां मौजूद थे।