Kanjhawala Case: आखिर निधि ने अंजलि को क्यों नहीं बचाया? पुलिस की पूछताछ में सहेली से मिला यह जवाब
दिल्ली पुलिस अधिकारियों का कहना है कि कॉल डिटेल, लोकेशन व सीसीटीवी कैमरों की फुटेज से सब कुछ आपस में जुड़ रहा है। इस कारण निधि के बयानों पर विश्वास किया जा रहा है।
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देश को हिला देने वाले कंझावला कांड की मृतका अंजलि की सहेली निधि इस मामले की एक मात्र चश्मदीद गवाह है। ऐसे में सवाल खड़ा होता है कि दिल्ली पुलिस निधि के बयानों पर कैसे विश्वास रही है। बाहरी जिला पुलिस तर्क दे रही है कि घटनास्थल से 15 व 50 मीटर की दूरी की दो वीडियो से निधि के बयानों पर विश्वास किया जा रहा है।
बाहरी जिला पुलिस अभी भी इस बात सवाल का जवाब नहीं दे पा रही है कि निधि ने अंजलि को क्यों नहीं बचाया। बाहरी जिला डीसीपी हरेंद्र कुमार का कहना है कि निधि ने पूछताछ में बताया है कि वह डर गई थी और अपने घर चली थी। इस कारण उसने अंजलि की सहायता नहीं की थी। दूसरी तरफ दिल्ली पुलिस मुरथल से लेकर दिल्ली के बेगमपुर तक के 42 किमी के रास्ते में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाल रही है।
घटनास्थल पर नहीं लगे थे सीसीटीवी कैमरे
बाहरी जिला पुलिस की जांच में यह बात सामने आई है कि घटनास्थल पर सीसीटीवी कैमरे नहीं लगे हुए हैं। घटनास्थल से पहले करीब 15 मीटर की दूसरी पर सीसीटीवी कैमरे लगे हुए हैं। इनकी फुटेज पुलिस को मिली है। इसमें अंजलि गाड़ी चला रही है और निधि पीछे बैठी हैं। इस फुटेज में आरोपियों की कार भी पीछे से आती हुई दिखाई दे रही है। सीसीटीवी कैमरों की दूसरी सीसीटीवी फुटेज घटनास्थल से 50 मीटर दूरी की है। इसमें निधि घर की ओर जाती दिखाई दे रही है। वह घबराई हुई दिखाई दे रही है। घटनास्थल से कुछ दूरी पर तीसरी सीसीटीवी फुटेज मिली है। इसमें अंजलि का जूता कार से गिरता हुआ दिखाई दे रहा है।
दिल्ली पुलिस अधिकारियों का कहना है कि कॉल डिटेल, लोकेशन व सीसीटीवी कैमरों की फुटेज से सब कुछ आपस में जुड़ रहा है। इस कारण निधि के बयानों पर विश्वास किया जा रहा है। दूसरी तरफ दिल्ली पुलिस मुरथल से लेकर बेगमपुर, दिल्ली तक के मार्ग पर लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाल रही है।