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विचारों के मतभेदों को चुनावी माहौल में न दें हवा : कन्हैया कुमार

Fri, 08 Feb 2019 04:15 AM IST
राजेश सैनी न्यूज डेस्क, अमर उजाला, दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, दिल्ली Published by: राजेश सैनी Updated Fri, 08 Feb 2019 04:15 AM IST
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Kanhaiya Kumar Says Do not let the differences of views in the electoral atmosphere
कन्हैया कुमार

गंगा, गाय, मुस्लिम बहन, मां और नोटबंदी के मुद्दे पर मोदी सरकार वोट को कैश करवाने में लगी है। इसलिए मैं महागठबंधन से आग्रह करता हूं  कि लोकतंत्र को जीताना है तो फिर विचारों के मतभेदों को मंच से लेकर चुनावी माहौल में हवा न दें। महागठबंधन की एकता ही भारतीय लोकतंत्र की रक्षा कर सकती है। जेएनयू छात्रसंघ के पूर्व अध्यक्ष कन्हैया कुमार ने यह बात दिल्ली में यंग इंडिया अधिकार मार्च में छात्रों समेत राजनीतिक दलों को संबोधित करते हुए कही।  

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लाल किले से पार्लियामेंट स्ट्रीट थाने तक बृहस्पतिवार को जेएनयू छात्रसंघ की कॉल पर यंग इंडिया अधिकार मार्च निकाला गया। शिक्षा व रोजगार के मुद्दे पर आयोजित मार्च में कन्हैया ने राजनीतिक पार्टियों से लोकसभा चुनावों पर एकजुटता की मांग रखी। समाजवादी पार्टी से सांसद धर्मेंद्र यादव ने कहा कि यह सरकार दलितों के खिलाफ  है। इसी कारण 13 प्वाइंट रोस्टर ला रही है। ताकि  दलितों को रोजगार से दूर किया जाए। इसका विरोध हमने संसद में किया था। जब तक केंद्र सरकार 13 प्वाइंट के खिलाफ अध्यादेश नहीं लाती हम विरोध जारी रखेंगे।  
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किसानों और नौजवानों के मुद्दे को न उठाने की कोशिश : योगेंद्र
स्वराज इंडिया के राष्टीय अध्यक्ष योगेंद्र यादव ने कहा कि मोदी सरकार के कार्यकाल में हर वर्ग पहले से ज्यादा असुरक्षित हुआ है।  सरकार की पूरी कोशिश है कि 2019 के चुनाव में किसानों और नौजवानों का मुद्दा ही न उठाया जाए। पर देशवासियों ने ठान लिया है कि वो लोकसभा चुनाव किसान-नौजवान के मुद्दे पर चाहते हैं न की हिंदू-मुसलमान के मुद्दे पर। विरोध मार्च में डीयू, जेएनयू, पंजाब यूनिवर्सिटी चंडीगढ़, एम्स, इलाहाबाद यूनिवर्सिटी समेत वामपंथी संगठनों से जुड़े छात्र संगठनों के छात्र शामिल रहे।  
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छात्रों की प्रमुख मांग  
प्रदर्शनकारियों ने सरकारी नौकरियों में खाली 25 लाख पदों को तुरंत भरने, कुल बजट का दस फीसदी शिक्षा को देने, 13 रोस्टर को लेकर अध्यादेश पास करने, बोलने की आजादी, लिंग भेदभाव व यौन उत्पीडन के खिलाफ सख्त कानून बनाने की मांग रखी है। 

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