जेएनयू में बंधक संकट खत्म, 24 घंटे बाद दफ्तर से बाहर आए वाइस चांसलर
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जवाहर लाल नेहरू विश्वविद्यालय के वाइस चान्सलर 24 घंटे बाद अपने दफ्तर से बाहर निकल गए। उन्हें विश्वविद्यालय छात्र संगठन और टीचर्स एसोसिएशन ने प्रशासनिक भवन को चारों तरफ से घेरकर बंधक बनाया हुआ था। बताते चलें कि विश्वविद्याल के छात्र नजीब के गायब होने के बाद से छात्र और टीचर्स एसोसिएशन नाराज थे। केंद्रीय गृह राज्य मंत्री किरन रिजेजू ने इस घटना को दुर्भाग्यपूर्ण बताया है। उन्होंने कहा कि, 'ऐसा लगता है कुछ छात्र पढ़ाई नहीं राजनीति करने आते हैं।'
Gheraoing VC and other officials is sad, it seems some students come to do politics and not study: Kiren Rijiju,MoS Home #NajeebAhmad pic.twitter.com/cfAJBCexvd
— ANI (@ANI_news) October 20, 2016विज्ञापन
वहीं केंद्रीय गृहमंत्री राजनाथ सिंह ने दोबारा पुलिस कमिश्नर आलोक वर्मा से बात कर गायब छात्र नजीब को ढूंढने के लिए स्पेशल टीम गठित करने के निर्देश दिए हैं।
JNU student #NajeebAhmad missing case: HM Rajnath Singh again speaks to Delhi Police Commissioner,asks for a special team to be formed
— ANI (@ANI_news) October 20, 2016
बता दें कल दोपहर से ही किसी भी अधिकारी को बाहर नहीं आने दिया जा रहा है। प्रशासनिक भवन के अंदर कुलपति, प्रॉक्टर, डीन ऑफ स्टूडेंट्स, रजिस्ट्रार और अन्य लोग हैं। हालांकि बाद में डायबिटीज के मरीज रजिस्ट्रार को छोड़ दिया गया, लेकिन वीसी और अन्य अफसर अभी भी बंधक हैं।
इसी पर जेएनयू वीसी जगदीश कुमार ने प्रेसवार्ता में कहा कि बंधक बनाए गए सभी अफसरों को रात में खाना नहीं दिया गया। सभी बंधक अफसरों को जमीन पर सुलाया गया और उन्हें उनकी पत्नियों से भी नहीं मिलने दिया गया।
उन्होंने ये भी बताया कि लापता छात्र नजीब को ढूंढने के लिए सभी कदम उठाए जा रहे हैं। उन्होंने नजीब से अपील भी की कि वो जहां भी है वापस कैंपस आकर पढ़ाई शुरु करे। वीसी आगे बोले कि अगर छात्रों ने उन्हें आज दोपहर ढाई बजे होने वाली मीटिंग में नहीं जाने दिया तो पुलिस की कार्रवाई भी हो सकती है।
जेएनयू वीसी का घेराव खत्म होने के बाद इस पूरे मुद्दे में आरोपी बनाई जा रही एबीवीपी ने कहा है कि उनका इस मामले से कोई लेना-देना नहीं है। एबीवीपी के सदस्य आलोक शर्मा ने कहा कि एबीवीपी का गायब छात्र नजीब अहमद के गायब होने से कोई लेना देना नहीं है, हमें जबरदस्ती इस मामले में घसीटा जा रहा है।We hope that #NajeebAhmad comes back soon wherever he is, number of steps have been taken to search him: JNU VC M Jagdeesh Kumar pic.twitter.com/Jvk20819gu
— ANI (@ANI_news) October 20, 2016
We have nothing to do with #NajeebAhmad going missing, we are unnecessarily being dragged into this: Alok Sharma,ABVP pic.twitter.com/uVlDiZ3krd
— ANI (@ANI_news) October 20, 2016
'हमने कैद नहीं किया है, खाना भी भिजवाया'
बता दें कि इस मामले में गृहमंत्री राजनाथ सिंह ने पहले भी दखल देते हुए दिल्ली पुलिस कमिश्नर आलोक वर्मा से बात की थी लेकिन शांति कायम करने की सभी कोशिशें बेकार रही थीं।
जबकि जेएनयू के छात्रसंघ अध्यक्ष मोहित ने कहा था कि, 'जेएनयू के प्रशासनिक भवन में हमने किसी को भी अवैध रुप से नहीं बंद कर रखा है। प्रॉक्टर बाहर हैं और वे स्वतंत्र रुप से प्रशासनिक भवन में घूम रहे हैं। हमने प्रशासनिक भवन में रुके लोगों के लिए वहां खाना भी भिजवाया है।'
इसके अलावा जेएनयू के पूर्व छात्रसंघ अध्यक्ष ने एक टीवी चैनल के पूछे जाने पर कि क्या वो वीसी को दोपहर की मीटिंग में जाने देंगे तो वो बोले कि, उनका प्रदर्शन जारी रहेगा लेकिन वो किसी तरह एकेडमिक कार्य में कोई बाधा उत्पन्न नहीं करेंगे।
गौरतलब है कि विश्वविद्यालय प्रशासन अपने स्तर से इस मामले को सुलझाने में लगा है और प्रशासन की कुछ प्रोफेसर से भी बातचीत हो रही है, लेकिन कोई हल नहीं निकला। बुधवार देर रात तक छात्रों का प्रदर्शन जारी था। विश्वविद्यालय परिसर में स्थिति तनावपूर्ण बनी हुई थी।
नजीब की सूचना देने पर मिलेंगे 50 हजार रुपए
बुधवार शाम करीब छह बजे से छात्र संगठन आइसा की ओर से पुलिस और विश्वविद्यालय प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी जारी है। इस पूरी घटना की जानकारी दिल्ली पुलिस को है, लेकिन जब तक विश्वविद्यालय प्रशासन की ओर से इस संबंध में लिखित शिकायत और मदद नहीं मांगी जाती तब तक दिल्ली पुलिस विश्वविद्यालय परिसर में घुसने को तैयार नहीं दिख रही है। हालांकि पुलिस पूरी घटना पर नजर बनाए हुए है और पल-पल की खबर ले रही है।
विश्वविद्यालय प्रबंधन ने बयान जारी कर नजीब अहमद के कैंपस लौटने की अपील की है। उधर, दिल्ली पुलिस ने जगह-जगह पोस्टर लगाए हैं, जिसमें लापता छात्र की सूचना देने वाले को 50 हजार रुपये का इनाम देने की घोषणा की है।
विश्वविद्यालय प्रबंधन ने बुधवार शाम नजीब अहमद के नाम कैंपस लौटने की अपील की। विश्वविद्यालय का कहना है कि इस मामले में कोई कार्रवाई नहीं की जा रही है। नजीब कैंपस लौटकर अपनी पढ़ाई पर ध्यान दे।
वहीं, दिल्ली पुलिस के वसंत कुंज नॉर्थ ने नजीब अहमद के लापता होने पर पोस्टर जारी किया है। इस पोस्टर में उनके बारे में जानकारी के साथ-साथ सूचना देने वाले को इनाम देने की भी घोषणा की गई है।
यह पोस्टर दिल्ली समेत अन्य राज्यों में भी भेजे गए हैं। उधर, पांच दिन के बाद भी लापता छात्र को तलाश नहीं कर पाने के विरोध में एबीवीपी ने वसंत कुंज थाने के बाहर प्रदर्शन किया।