हरियाणा बॉर्डर सील होने से मंडियों में फलों-सब्जियों की आवक पर पड़ा असर, बढ़ सकते हैं दाम
- आजादपुर सब्जी मंडी में भी आवक में कमी
- केशोपुर सब्जी मंडी में एक तिहाई तक की कमी
- नरेला अनाज मंडी में अनाज की आवक बढ़ी
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
हालांकि नरेला अनाज मंडी में हमेशा की तुलना में ज्यादा आवक दर्ज की गई। इसका कारण गेहूं की फसल का सीजन होना हो सकता है।
आजादपुर मंडी के चेयरमैन आदिल अहमद खान ने अमर उजाला को बताया कि शुक्रवार को मंडी में 5760 टन फलों-सब्जियों की आवक हुई। गुरुवार को लगभग 6000 टन माल की आवक हुई थी।
जबकि इसके पहले यह आवक 7000 से 8000 टन के बीच हुआ करती थी। आदिल खान के मुताबिक इस कमी के बाद भी दिल्ली की आवश्यकताओं की पूर्ति के लिए पर्याप्त फल-सब्जियां आ रही हैं।
हरियाणा बॉर्डर सील होने का सबसे ज्यादा नकारात्मक असर केशोपुर सब्जी मंडी पर दिखाई पड़ा है। यहां शुक्रवार को लगभग एक तिहाई सामान की आवक कम हुई है।
मंडी के चेयरमैन राधे श्याम शर्मा के मुताबिक सामान्य स्थिति में यहां 800 से 1000 टन फल-सब्जियों की आवक हुआ करती थी, लेकिन अब यह घटकर 600 टन के आसपास रह गई है।
इसमें भी आलू-प्याज की आवक सामान्य के लगभग है, जबकि सबसे ज्यादा कमी हरी सब्जियों में आई है।
वहीं नरेला अनाज मंडी के चेयरमैन संजय कुमार गुप्ता ने बताया कि इस समय मंडी में अनाज की आवक बढ़ गई है। गेहूं की फसल के तैयार होने के कारण ज्यादा मात्रा में किसान मंडी तक पहुंच रहे हैं।
इसका एक कारण यह भी हो सकता है कि बॉर्डर सील हो जाने के कारण किसान दूसरे राज्यों की मंडियों तक नहीं पहुंच पा रहे हैं। आज भी मंडी में लगभग 4000 टन गेहूं और 8000 टन से ज्यादा धान की आवक हुई है।
हर जगह सैनिटाइजेशन तेज
आजादपुर सब्जी मंडी में शुक्रवार को एक और कोरोना संक्रमित व्यक्ति पाया गया है। अब यह संख्या बढ़कर 16 हो गई है। कोविड संक्रमण की स्थिति को देखते हुए 25 दुकानों को सील कर दिया गया है और 43 लोगों को एहतियात के तौर पर क्वारंटीन कर दिया गया है।
केशोपुर मंडी के चेयरमैन राधेश्याम शर्मा के मुताबिक मंडी को रोजाना दो बजे तक बंद कर दिया जाता है। इसके बाद पूरी मंडी को रोजाना सैनिटाइज किया जाता है। गाड़ियों की संख्या और मजदूरों की संख्या पर भी लगाम लगाई गई है, जिसके कारण अभी तक मंडी में कोरोना का कोई मामला सामने नहीं आया है।