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आईआईटी दिल्ली: स्टार्टअप ने तिरंगे के लिए तैयार किया उन्नत कपड़ा
Fri, 23 Jul 2021 03:46 PM IST
पूजा त्रिपाठी
अमर उजाला नेटवर्क, नई दिल्ली
अमर उजाला नेटवर्क, नई दिल्ली
Published by: पूजा त्रिपाठी
Updated Fri, 23 Jul 2021 03:46 PM IST
सार
आईआईटी दिल्ली के निदेशक वी रामगोपाल राव ने संस्थान और फ्लैग फाउंडेशन की सराहना करते हुए कहा कि भारत में कपड़े की तकनीक के क्षेत्र में वैश्विक स्तर पर नेतृत्व करने की क्षमता है।
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तिरंगा
- फोटो : social media
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विस्तार
आईआईटी दिल्ली के स्टार्टअप स्वात्रिक ने फ्लैग फाउंडेशन ऑफ इंडिया के साथ मिलकर तिरंगे का उन्नत किस्म का कपड़ा तैयार किया है। कपड़े को इस तरह से तैयार किया गया है जो देश के विविध जलवायु और भूगोलिक परिस्थियों में भी लंबे समय तक चल सकेगा। इसके लिए हाल ही में आईआईटी दिल्ली के फाउंडेशन ऑफ इनोवेशन एंड टेक्नोलॉजी(एफआईआईटी) और स्वात्रिक के बीच करार भी हुआ था।
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आईआईटी दिल्ली के टैक्सटाइल एवं फैब्रिक इंजीनियरिंग विभाग के प्रो. बिपिन कुमार ने कहा कि मानकीकरण और कपड़े के तकनीकी कौशल के ज्ञान को लेकर कपड़े की गुणवत्ता में सुधार करना समय के हिसाब से निर्माताओं की जरूरत है।
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फ्लैग फाउंडेशन ऑफ इंडिया के मुख्य कार्यकारी अधिकारी रिटायर्ड मेजर जनरल अशीम कोहली ने कहा कि हम बहुत समय से तिरंगे की अच्छी गुणवत्ता को लेकर चुनौतियों से जूझ रहे थे। आईआईटी के विशेषज्ञों के साथ देश के लिए काम करना हमारे लिए गर्व की बात है।
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आईआईटी दिल्ली के निदेशक वी रामगोपाल राव ने संस्थान और फ्लैग फाउंडेशन की सराहना करते हुए कहा कि भारत में कपड़े की तकनीक के क्षेत्र में वैश्विक स्तर पर नेतृत्व करने की क्षमता है।
उल्लेखनीय है कि 26 जनवरी 2002 में भारतीय नागरिकों को पूरे वर्ष राष्ट्रीय ध्वज फहराने की अनुमति मिली थी। इसके बाद वर्ष 2004 में सुप्रीम कोर्ट ने सम्मान और गरिमा के साथ राष्ट्रीय ध्वज को फहराने को मौलिक अधिकार बताया था।