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Delhi: आईआईटी दिल्ली ने छोटा और ऊर्जा कुशल कंप्यूटिंग डिवाइस एमओडी-पीसी किया विकसित, बिजली की खपत होगी कम
Thu, 19 Jun 2025 05:59 AM IST
विजय पुंडीर
अमर उजाला नेटवर्क, नई दिल्ली
अमर उजाला नेटवर्क, नई दिल्ली
Published by: विजय पुंडीर
Updated Thu, 19 Jun 2025 05:59 AM IST
सार
आईआईटी दिल्ली के सेंटर फॉर एप्लाइड रिसर्च इन इलेक्ट्रॉनिक्स के प्रमुख प्रो. डॉ. समरेश दास के नेतृत्व में डॉ. मनोज कुमार और कृतिका भट्टाचार्य सहित उनकी टीम ने उपकरण विकसित किया।
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IIT Delhi
- फोटो : IIT Official
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विस्तार
आईआईटी दिल्ली के शोधकर्ताओं ने टू डी मटेरियल तकनीक के साथ एक छोटा और ऊर्जा कुशल कंप्यूटिंग डिवाइस विकसित किया है। इसको मल्टीफंक्शनल ऑप्टोइलेक्ट्रॉनिक डिवाइस फॉर प्रोसेसिंग सर्किट (एमओडी-पीसी ) नाम दिया गया है। एमओडी-पीसी को न्यूरोफॉर्मिक हार्डवेयर के लिए विकसित किया गया है।
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आईआईटी दिल्ली के सेंटर फॉर एप्लाइड रिसर्च इन इलेक्ट्रॉनिक्स के प्रमुख प्रो. डॉ. समरेश दास के नेतृत्व में डॉ. मनोज कुमार और कृतिका भट्टाचार्य सहित उनकी टीम ने उपकरण विकसित किया। यह उपकरण विभिन्न ऑप्टोइलेक्ट्रॉनिक सिग्नल बनाने की प्रक्रिया में सक्षम है। अभी तक बाजार में उपलब्ध कंप्यूटर पारंपरिक सेमीकंडक्टर के साथ निर्मित होते है। इनमें बिजली की खपत अधिक और आकार बड़ा होता है। नया कंप्यूटिंग सेल प्रकाश संवेदनशील टंगस्टन डाइसेलेनाइड के साथ निर्मित है। यह एक रासायनिक यौगिक है जो टंगस्टन और सेलेनियम के तत्वों से बना है। यह एक सेमीकंडक्टर सामग्री है। भविष्य के गहरे स्केल वाले कंप्यूटिंग (माइक्रोचिप या आईसी) चिप्स के उत्पादन के लिए एक संभावित मील का पत्थर साबित होने वाली टू डी सामग्री है।
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निर्माण करना नहीं था आसान
आईआईटी दिल्ली में वरिष्ठ अनुसंधान फेलो (एसआरएफ) कृतिका भट्टाचार्य के मुताबकि केवल कुछ नैनो-मीटर मोटाई और आकार के साथ टू डी मटेरियल (डब्ल्यूएसई2) आधारित सेमीकंडक्टर चिप्स का निर्माण करना आसान नहीं था। हालांकि, लगातार प्रयासों और उन्नत निर्माण तकनीकों के साथ शोध दल को कामयाबी मिली। इस परियोजना के मुख्य अन्वेषक प्रो. समरेश दास ने कहा कि एमओडी-पीसी डिवाइस के विकास से न्यूरो विजन कंप्यूटिंग हार्डवेयर में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) और न्यूरो रोबोटिक एप्लीकेशन की दिशा में क्रांति आएगी। यह अध्ययन एडवांस्ड फंक्शनल मटेरियल्स जर्नल में प्रकाशित हुआ है।
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स्वदेशी तकनीक से हुआ निर्मित
इस अध्ययन के लेखक डॉ. मनोज कुमार (आईआईटी दिल्ली के पूर्व छात्र) के अनुसार शोध दल द्वारा विकसित नई कंप्यूटिंग इकाई मानव मस्तिष्क के दृश्य-आवरण से प्रेरित है। यह डेटा को दीर्घकालिक अवधारण के लिए संग्रहीत करने के लिए ऑप्टिकल प्रकाश संकेतों को सीख सकता है। एमओडी-पीसी न केवल तंत्रिका विज्ञान के सिद्धांतों को सशक्त बनाता है बल्कि एक ही इकाई के भीतर लंबे समय तक रुके हुए डिजिटल, एनालॉग और मिश्रित-सिग्नल कार्यात्मकताएं करने में भी सक्षम है। एमओडी-पीसी हमारा स्वदेशी रूप से निर्मित और आईआईटी दिल्ली में परीक्षण किया गया उपकरण है जो राष्ट्र की मेक इन इंडिया भावना को सशक्त बनाता है।