{"_id":"5a8d10e94f1c1bcb268bb082","slug":"if-you-have-thin-thigh-and-thick-stomach-then-you-may-be-the-victim-of-this-disease","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"अगर पतली जांघ और मोटा पेट है तो सावधान, आप हो सकते हैं इस रोग के शिकार","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
अगर पतली जांघ और मोटा पेट है तो सावधान, आप हो सकते हैं इस रोग के शिकार
ब्यूरो/अमर उजाला, नई दिल्ली
Updated Wed, 21 Feb 2018 12:05 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
मधुमेह को रोकने के लिए दिल्ली के सर गंगाराम अस्पताल के डॉक्टरों ने अद्भुत तकनीक निकाली है। दरअसल, जांघ और पेट का आकार देखकर चिकित्सक बीमारी होने या नहीं होने की पुष्टि कर रहे हैं।
विज्ञापन
यह शोध इलाहाबाद स्थित एमएलएन मेडिकल कालेज के साथ संयुक्त रूप से किया गया है। डॉक्टरों का कहना है कि अगर किसी इंसान का पेट ज्यादा बाहर निकला है, लेकिन उसकी जांघ पतली हैं तो उनमें मधुमेह की आशंका कई गुना ज्यादा है।
विज्ञापन
जबकि कम पेट और मोटी जांघ वालों में यह सामान्य देखने को मिल रहा है। चिकित्सकों के मुताबिक, मार्च 2013 से सितंबर 2016 के बीच अस्पताल आने वाले 1055 मरीजों पर शोध किया गया है।
विज्ञापन
जिनमें जांघ और पेट का मोटापा देख मधुमेह टाइप 2 बीमारी की पुष्टि की है। यह शोध हाल ही में मेडिकल जर्नल एन्डोक्रोन्लॉजी एंड मेटाबॉलिज्म में प्रकाशित भी हुआ।
तेजी से बढ़ रहे मरीज
diabetes in women
मेडिसिन विभाग के चेयरमैन डा. एसपी बयोत्रा का कहना है कि 2015 के दौरान दुनिया भर में 415 मिलियन मरीज इस बीमारी से ग्रस्त पाए जा चुके हैं। देशभर में तेजी से मरीज बढ़ रहे हैं। गंभीर बात यह है कि इनमें आधे से ज्यादा समय रहते बीमारी की जांच नहीं करवा पाते। इस शोध के पीछे भी एक ऐसा ही उद्देश्य था। ताकि मरीजों में आसानी से मधुमेह का पता लगाया जा सके। वहीं, वरिष्ठ डॉ. अतुल कक्कड़ ने बताया कि भारत सहित एशियाई देशों में स्थिति काफी गंभीर है। यहां के लोगों में मोटापा, बाहर दिखाई देने वाला पेट और व्यायाम न करने जैसी आदतें हर दूसरे और तीसरे व्यक्ति में दिखाई देती हैं। रिसर्च का हवाला देते हुए डा. अतुल गोगिया ने बताया कि शोध के दौरान गणित पर ज्यादा फोकस किया है। वेस्ट थाई रेसियो का अनुपात निकालने के बाद अनुमान लगाया जाता है।