हिंदुस्तान यूनीलिवर पर 27 लाख का जुर्माना, कंपनी की याचिका खारिज
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हिंदुस्तान यूनीलिवर लिमिटेड की याचिका खारिज करते हुए 27 लाख रुपये का जुर्माना लगाया गया है। राज्य उपभोक्ता आयोग ने जिला उपभोक्ता के फैसले को कायम रखते हुये कंपनी की याचिका खारिज की है।
कंपनी को जुर्माने की राशि दो माह के भीतर उपभोक्ता कल्याण निधि में जमा करवानी है। पेश मामले में कंपनी ने जिला उपभोक्ता फोरम के उस फैसले को चुनौती दी थी जिसमें उसे पांच लाख रुपये की इनाम राशि मय ब्याज व 50 हजार रुपये जुर्माने के तौर पर बेगमपुर निवासी प्रमोद गुप्ता को देने का निर्देश दिया गया था।
शिकायतकर्ता प्रमोद गुप्ता का कहना था कि उसने मार्च 2007 में सर्फ एक्सल पाउडर खरीदा था। उस पैकेट में पांच लाख रुपये इनाम का कूपन निकला था।
कंपनी ने राज्य उपभोक्ता आयोग में चुनौती दी थी
कंपनी से बातचीत के बाद प्रमोद गुप्ता ने 28 मार्च 2007 को कंपनी के मुंबई कार्यालय में जमा करवाया था। कंपनी ने लिखित जवाब देते हुए कूपन को फर्जी बताया था।
गुप्ता ने इसके बाद कूपन वापसी के लिए कंपनी को कानूनी नोटिस भेजा था। साथ ही नई दिल्ली जिला उपभोक्ता फोरम में कंपनी के खिलाफ शिकायत दायर भी कर दी थी।
जिला उपभोक्ता फोरम ने शिकायत पर सुनवाई के बाद नौ फरवरी 2012 में इनाम राशि नौ फीसदी ब्याज व 50 हजार रुपये जुर्माने के तौर पर गुप्ता को देने का निर्देश कंपनी को दिया था। इस आदेश को कंपनी ने राज्य उपभोक्ता आयोग में चुनौती दी थी।