Delhi: निजी स्कूलों के ईडब्ल्यूएस छात्रों के बाजारीकरण पर हाईकोर्ट ने दिल्ली सरकार से मांगा जवाब, पढ़ें मामला
अमर उजाला ब्यूरो, नई दिल्ली
Published by: आकाश दुबे
Updated Wed, 27 Aug 2025 10:10 PM IST
सार
शिक्षा मंत्रालय और सीबीएसई के बार-बार नीतिगत हस्तक्षेपों के बावजूद, निजी स्कूल अनियंत्रित निजी प्रकाशकों की किताबें निर्धारित कर रहे हैं, जिनकी लागत प्रति वर्ष 12,000 रुपये तक है, जबकि एनसीईआरटी की किताबें 700 रुपये से कम में उपलब्ध हैं।
विज्ञापन
दिल्ली हाईकोर्ट
- फोटो : अमर उजाला