'कट्टरपंथी विचारों का प्रसार है अपराध': आरोपी को नहीं दी जमानत; जानें दिल्ली HC ने टिप्पणी करते हुए क्या कहा
अमर उजाला ब्यूरो, नई दिल्ली
Published by: अनुज कुमार
Updated Wed, 16 Jul 2025 08:13 AM IST
सार
दिल्ली उच्च न्यायालय ने कहा कि सोशल मीडिया पर कट्टरपंथी विचारधारा फैलाना यूएपीए की धारा 18 के तहत दंडनीय है, भले ही यह शारीरिक गतिविधि न हो। अरसलान फिरोज अहेनगर को जमानत नहीं दी। , जो कथित तौर पर आतंकवादी सामग्री साझा करने में शामिल था
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Court Room
- फोटो : ANI