{"_id":"667366f56de8aa9f770dbf97","slug":"used-to-sell-bank-accounts-to-cyber-thugs-for-rs-10000-gurgaon-news-c-24-1-noi1094-33171-2024-06-20","type":"story","status":"publish","title_hn":"Gurugram News: 10 हजार रुपये में साइबर ठगों को बेचते थे बैंक खाते","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Gurugram News: 10 हजार रुपये में साइबर ठगों को बेचते थे बैंक खाते
विज्ञापन
पुलिस ने दो आरोपियों को किया गिरफ्तार
नौकरी दिलाने व बैंक खाते में सैलरी डलवाने के नाम पर खुलवाते थे बैंक खाता
अमर उजाला ब्यूरो
गुरुग्राम। नौकरी दिलाने व बैंक खाते में सैलरी डलवाने के नाम पर बैंक खातों को साइबर ठगों को उपलब्ध कराने के मामले में 2 आरोपियों को पुलिस ने गिरफ्तार किया है। आरोपी प्रत्येक बैंक खाते को 10 हजार रुपये में बेचते थे।
साइबर थाना पश्चिम को मई में एक युवक ने शिकायत दी थी कि नौकरी दिलाने के नाम पर बैंक खाते खुलवाकर साइबर ठगी की जाती है। एसीपी प्रियांशु दीवान के नेतृत्व में निरीक्षक नवीन साइबर थाना पुलिस की टीम ने बुधवार को को सेक्टर-31 हांसी हिसार निवासी जितेन्द्र व रिशु को गिरफ्तार किया।
आरोपियों से पुलिस पूछताछ में ज्ञात हुआ कि लोगों को नौकरी दिलाने का झांसा देकर उनके नाम से बैंक में खाता खुलवाते है। फिर उन बैंक खातों को साइबर ठगी के लिए अपने अन्य साथियों को दे देते हैं। इनके अन्य साथियों द्वारा लोगों से ठगी गई राशि में से लगभग 12 लाख रुपये की राशि उपरोक्त आरोपियों द्वारा उपलब्ध कराए गए बैंक खातों में ट्रांसफर की गई थी।
विज्ञापन
विज्ञापन
नौकरी दिलाने व बैंक खाते में सैलरी डलवाने के नाम पर खुलवाते थे बैंक खाता
अमर उजाला ब्यूरो
गुरुग्राम। नौकरी दिलाने व बैंक खाते में सैलरी डलवाने के नाम पर बैंक खातों को साइबर ठगों को उपलब्ध कराने के मामले में 2 आरोपियों को पुलिस ने गिरफ्तार किया है। आरोपी प्रत्येक बैंक खाते को 10 हजार रुपये में बेचते थे।
साइबर थाना पश्चिम को मई में एक युवक ने शिकायत दी थी कि नौकरी दिलाने के नाम पर बैंक खाते खुलवाकर साइबर ठगी की जाती है। एसीपी प्रियांशु दीवान के नेतृत्व में निरीक्षक नवीन साइबर थाना पुलिस की टीम ने बुधवार को को सेक्टर-31 हांसी हिसार निवासी जितेन्द्र व रिशु को गिरफ्तार किया।
विज्ञापन
आरोपियों से पुलिस पूछताछ में ज्ञात हुआ कि लोगों को नौकरी दिलाने का झांसा देकर उनके नाम से बैंक में खाता खुलवाते है। फिर उन बैंक खातों को साइबर ठगी के लिए अपने अन्य साथियों को दे देते हैं। इनके अन्य साथियों द्वारा लोगों से ठगी गई राशि में से लगभग 12 लाख रुपये की राशि उपरोक्त आरोपियों द्वारा उपलब्ध कराए गए बैंक खातों में ट्रांसफर की गई थी।
विज्ञापन