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लॉकडाउन के डर से अपने घरों को रवाना हो रहे प्रवासी कामगार
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कोरोना का दिखने लगा असर, फिर से लॉकडाउन लगने की आशंका को देखते हुए बढ़ाई प्रवासियों की चिंता,राजी
- फोटो : Gurgaon
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गुरुग्राम। कोरोना संक्रमण की रफ्तार बढ़ने के बाद लोगों को अब फिर से लॉकडाउन की चिंता सताने लगी है। पिछले साल अचानक हुए लॉकडाउन के बाद जो हालात बने थे, उसकी याद लोगों के जेहन में अब भी है। उनका कहना है कि कोरोना का डर, ऊपर से अगर लॉकडाउन हो गया तो इस शहर में रहकर क्या करेंगे। इसी आशंकावश प्रवासी मजदूर व कामगार अब फिर से अपने गृह राज्यों के लिए प्रस्थान करने लगे हैं। राजीव चौक और गुरुग्राम बस अड्डे पर लोगों की भीड़ बढ़ने लगी है।
पिछले साल की तरह इस बार भी राजीव चौक पर दूसरे शहरों को जाने वाले लोग आने शुरू हो गए हैं। यहीं से अब धीरे-धीरे मजदूर अपने घरों को रवाना हो रहे हैं। मजदूरों का कहना है कि कोरोना संक्रमण बढ़ रहा है। कभी भी देश में बंदी की घोषणा हो सकती है। ऐसे में लॉकडाउन लगे और परेशानियां बढ़े, उससे पहले यहां से जाना ही उचित होगा।
दूसरी ओर, कुछ मजदूर प्रदेश सरकार द्वारा निजी नौकरियों के क्षेत्र में स्थानीय लोगों को आरक्षण देने के फैसले से भी आशंकित हैं। लोगों का कहना है कि सरकार के निर्णय के बाद दूसरे प्रांतों के लोगों को यहां नौकरी मिलना मुश्किल है। ऐसे में लॉकडाउन के खतरे के बीच अब यहां से प्रस्थान करना ही ठीक रहेगा। हालात यह हैं कि रोजाना काफी संख्या में मजदूर यहां से जा रहे हैं। रविवार को राजीव चौक पर घर जाने के लिए बस का इंतजार कर रहे यूपी के वेद सिंह ने बताया कि अब हम इस शहर में रहकर क्या करेंगे। एक तो कोरोना के बीच लॉकडाउन का खतरा और दूसरी तरफ राज्य सरकार के स्थानीय युवाओं को नौकरी देने के निर्णय के बाद अब यहां नौकरी मिलना मुश्किल है।
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लोगों को घर जाने की जल्दी
राजीव चौक में मजदूरों को ले जाने के लिए राजस्थान, यूपी, बिहार, मध्यप्रदेश, छत्तीसगढ़, झारखंड आदि प्रदेशों के लिए बसें जा रही हैं। परेशान मजदूरों का कहना है कि इस समय ट्रेनें सीमित हैं, घर पहुंचना है तो बसों से ही जाना पड़ेगा। किराया चाहे जो हो, हमें तो बस जल्द से जल्द अपने घर पहुंचना है। इससे पहले कि लॉकडाउन की घोषणा हो जाए।
राजीव चौक पर ज्यादा भीड़
राजीव चौक के पास रोडवेज बस स्टैंड के लिए प्रस्तावित जमीन पर निजी बसें खड़ी होती हैं। यहां से रोजाना बड़ी संख्या में निजी बसें हरियाणा के दूसरे शहरों के लिए रवाना होती हैं। साथ ही राजीव चौक से ही कई बसें उत्तर प्रदेश व राजस्थान के लिए भी जाती हैं। इन्हीं बसों के जरिए प्रवासी मजदूर-कामगार अपने-अपने घरों को रवाना हो रहे हैं। खासकर दूसरे राज्यों में जाने वालों की भीड़ राजीव चौक पर लग रही है। वहीं, उत्तराखंड व हिमाचल प्रदेश के लोग गुरुग्राम बस अड्डे से बस पकड़ रहे हैं। स्थिति यह है कि सुबह से लेकर देर रात तक यात्री बसों में बैठकर अपने-अपने गृह राज्यों के लिए रवाना हो रहे हैं।
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पिछले साल की तरह इस बार भी राजीव चौक पर दूसरे शहरों को जाने वाले लोग आने शुरू हो गए हैं। यहीं से अब धीरे-धीरे मजदूर अपने घरों को रवाना हो रहे हैं। मजदूरों का कहना है कि कोरोना संक्रमण बढ़ रहा है। कभी भी देश में बंदी की घोषणा हो सकती है। ऐसे में लॉकडाउन लगे और परेशानियां बढ़े, उससे पहले यहां से जाना ही उचित होगा।
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दूसरी ओर, कुछ मजदूर प्रदेश सरकार द्वारा निजी नौकरियों के क्षेत्र में स्थानीय लोगों को आरक्षण देने के फैसले से भी आशंकित हैं। लोगों का कहना है कि सरकार के निर्णय के बाद दूसरे प्रांतों के लोगों को यहां नौकरी मिलना मुश्किल है। ऐसे में लॉकडाउन के खतरे के बीच अब यहां से प्रस्थान करना ही ठीक रहेगा। हालात यह हैं कि रोजाना काफी संख्या में मजदूर यहां से जा रहे हैं। रविवार को राजीव चौक पर घर जाने के लिए बस का इंतजार कर रहे यूपी के वेद सिंह ने बताया कि अब हम इस शहर में रहकर क्या करेंगे। एक तो कोरोना के बीच लॉकडाउन का खतरा और दूसरी तरफ राज्य सरकार के स्थानीय युवाओं को नौकरी देने के निर्णय के बाद अब यहां नौकरी मिलना मुश्किल है।
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लोगों को घर जाने की जल्दी
राजीव चौक में मजदूरों को ले जाने के लिए राजस्थान, यूपी, बिहार, मध्यप्रदेश, छत्तीसगढ़, झारखंड आदि प्रदेशों के लिए बसें जा रही हैं। परेशान मजदूरों का कहना है कि इस समय ट्रेनें सीमित हैं, घर पहुंचना है तो बसों से ही जाना पड़ेगा। किराया चाहे जो हो, हमें तो बस जल्द से जल्द अपने घर पहुंचना है। इससे पहले कि लॉकडाउन की घोषणा हो जाए।
राजीव चौक पर ज्यादा भीड़
राजीव चौक के पास रोडवेज बस स्टैंड के लिए प्रस्तावित जमीन पर निजी बसें खड़ी होती हैं। यहां से रोजाना बड़ी संख्या में निजी बसें हरियाणा के दूसरे शहरों के लिए रवाना होती हैं। साथ ही राजीव चौक से ही कई बसें उत्तर प्रदेश व राजस्थान के लिए भी जाती हैं। इन्हीं बसों के जरिए प्रवासी मजदूर-कामगार अपने-अपने घरों को रवाना हो रहे हैं। खासकर दूसरे राज्यों में जाने वालों की भीड़ राजीव चौक पर लग रही है। वहीं, उत्तराखंड व हिमाचल प्रदेश के लोग गुरुग्राम बस अड्डे से बस पकड़ रहे हैं। स्थिति यह है कि सुबह से लेकर देर रात तक यात्री बसों में बैठकर अपने-अपने गृह राज्यों के लिए रवाना हो रहे हैं।