मच्छर मार रहा है: बेकाबू हो रहा डेंगू, सात साल बाद आए सबसे अधिक मामले, आप न करें ये गलती
स्वास्थ्य विभाग की लोगों से अपील है कि वह अपने घर और आसपास के इलाकों में डेंगू के लार्वा को न पनपने दें।
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डेंगू के लगातार बढ़ रहे मामले स्वास्थ्य विभाग की चिंता बढ़ा रहे हैं। सन 2015 के 451 केसों के बाद इस वर्ष डेंगू के केसों की दूसरी सबसे बड़ी संख्या 417 दर्ज की गई है। इसके लिए डेंगू के लार्वा को पनपने से रोकने में बरती जा रही लापरवाही को जिम्मेदार माना जा रहा है। विभाग की लोगों से अपील है कि वह अपने घर और आसपास के इलाकों में डेंगू के लार्वा को न पनपने दें।
गुरुवार को डेंगू के तीन नए मामले सामने आए। अब तक सबसे ज्यादा 287 मामले फर्रुखनगर में सामने आए हैं। नगरीय क्षेत्र में 74, पटौदी में 22 और गंघौला में 34 केस अब तक सामने आए हैं। स्वास्थ्य विभाग का दावा है कि इस बार डेंगू से किसी की मौत नहीं हुई है। डेंगू का लार्वा पाए जाने पर अब तक 8366 मकान मालिकों को नोटिस दिया गया है। विभाग की अपील है कि अपने घर के आसपास पानी इकट्ठा नहीं होने दें। घर में जिन पात्रों में पानी इकट्ठा है उसे खाली कर दें।
दूसरी ओर कोरोना संक्रमण के गुरुवार को 10 नए केस सामने आए। 15 मरीज संक्रमण से मुक्त हुए। ऑमिक्रोन का कोई केस सामने नहीं आया है। जिले में अब 60 मरीज एक्टिव हैं। इनमें से 57 होम आइसोलेशन में रहकर स्वास्थ्य लाभ कर रहे हैं।
| सन | केस |
| 2015 | 451 |
| 2016 | 86 |
| 2017 | 66 |
| 2018 | 93 |
| 2019 | 22 |
| 2020 | 51 |
| 2021 | 327 |