24 और बिल्डिंगों को गिराने का नोटिस, सेफ्टी ऑडिट के लिए बनी कमेटी
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शाहबेरी हादसे के बाद से अवैध बिल्डिंग बनाने वालों पर प्राधिकरण की कार्रवाई जारी है। मंगलवार को भी 24 बिल्डिंगों पर इनको गिराने का नोटिस चस्पा किया गया है। इससे इनकी संख्या कुल 46 हो गई है। वहीं, यमुना प्राधिकरण भी जगनपुर-अफजलपुर में हुए अवैध निर्माण के लिए नोटिस जारी करेगा।
ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण के डीजीएम प्रोजेक्ट एके अरोड़ा ने बताया कि मंगलवार को 24 अवैध बिल्डिंगों को नोटिस जारी किया गया है। इन सभी को एक सप्ताह में बिल्डिंग खाली कराकर गिराने को कहा गया है। अगर बिल्डर नहीं गिराता है तो प्राधिकरण उसे गिराएगा और जो भी खर्चा होगा उसे बिल्डर से वसूल करेगा। यह कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी।
दूसरी तरफ, शाहबेरी हादसे से सबक लेते हुए यमुना प्राधिकरण ने भी जगनपुर-अफजलपुर में अवैध तरीके से बिल्डिंग बनाने वालों को नोटिस भेजने की तैयारी कर ली है। सीईओ डॉ. अरुणवीर सिंह ने अपने अधीनस्थों को निर्देश दिया है कि सभी को तत्काल नोटिस जारी की जाए। उनके निर्माण पर तत्काल रोक लगाई जाए। साथ ही, उन्होंने भविष्य में किसी भी अधिसूचित क्षेत्र पर निर्माण न होने देने के लिए इंजीनियरों को सतर्क रहने को कहा है।
बिल्डिंगों के सेफ्टी ऑडिट के लिए बनी कमेटी
शाहबेरी हादसे से सबक लेते हुए अवैध रूप से बने फ्लैटों की सेफ्टी ऑडिट जल्द शुरू होगी। ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण व जिला प्रशासन ने मिलकर कमेटी गठित कर दी है। वहीं, यीडा ने भी अपने व बिल्डरों के बने प्रोजेक्ट के सेफ्टी ऑडिट के लिए कमेटी बना दी है।
ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण के मुताबिक कमेटी में चार विभागों प्राधिकरण, पीडब्ल्यूडी, राइट्स व एक किसी बाह्य एजेंसी का स्ट्रक्चरल इंजीनियर शामिल होगा। कमेटी दो चरणों में सेफ्टी ऑडिट पूरा करेगी। पहले चरण में उन बिल्डिंगों का सेफ्टी ऑडिट होगा, जिनको सील किया जा रहा है। दूसरे चरण में उन बिल्डिंगों की ऑडिट होगी, जिनको फिलहाल नोटिस जारी किया गया है।