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हाईवे पर हुई लूट, पुलिस ने की चोरी में दर्ज
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हाईवे पर हुई लूट, पुलिस ने की चोरी में दर्ज
गाजियाबाद। हाईवे पर हुई एक लूट को पुलिस ने चोरी में दर्ज किया है। वारदात एनएच-9 पर आदित्य वर्ल्ड सिटी के पास डिलीवरी मैन से हुई। पांच हथियारबंद बदमाशों ने लूट को अंजाम दिया, जबकि करीब पांच सौ मीटर दूर पुलिस खड़ी थी।
मुरादनगर का रहने वाला सुमित जोमेटो में डिलीवरी का काम करता है। सुमित ने बताया कि वह 9 दिसंबर की रात करीब 10 बजे आरडीसी से आदित्य वर्ल्ड सिटी में डिलीवरी देने गया था। जहां पहुंचने में थोड़ी देर हो गई। डिलीवरी देने के बाद आदित्य वर्ल्ड सिटी से बाहर निकलने के बाद हाइवे पर खड़े होकर कंपनी को इसकी जानकारी दे रहा था कि इतने में ही मास्क लगाकर आए पांच लोग अभद्रता करने लगे और पिस्टल तान दी। इसके बाद उन्होंने डिलीवरी के 8 हजार रुपये और मोबाइल छीन लिया। साथ ही बाइक में भी नुकसान कर दिया।
सुमित ने बताया कि करीब पांच सौ मीटर की दूरी पर खड़ी पुलिस की गाड़ी की लाइट चमक रही थी। जिसकी सूचना उन्हें दी। जिसके बाद पुलिस ने घटना स्थल पर पहुंचकर कविनगर थाने में शिकायत देने के लिए कह दिया। वहां भी पुलिस ने शिकायत नहीं ली उन्होंने लाल कुआं चौकी पर शिकायत देने की बात कही।
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पुलिस ने चोरी में लिखवाई तहरीर
लूट पीड़ित सुमित ने बताया कि घटना के बाद उसने कुछ दूरी पर खड़ी पुलिस से संपर्क किया। तो उन्होंने आसपास देखा और बाद में कविनगर थाने में शिकायत देने को कह दिया। बृहस्पतिवार आधी रात में कविनगर थाने की पुलिस ने लालकुआं चौकी पर मामला दर्ज कराने के लिए कह दिया। शुक्रवार को लालकुआं चौकी की पुलिस ने तहरीर लिखवाई थी।
लुटेरों ने मोबाइल से ऑनलाइन रुपये निकालने की भी कोशिश की
लुटेरों ने डिलीवरी मैन से लूटे हुए मोबाइल से फोन पे व पेटीएम एप में से ऑनलाइन रुपये निकालने की भी कोशिश की। लेकिन पासवर्ड पता नहीं होने की वजह से ट्रांजेक्शन पूरी नहीं हुई। पीड़ित सुमित ने बताया कि मोबाइल लूटने के बाद नया नंबर निकलवा लिया था। फोन पे और पेटीएम लॉगइन करने पर शुक्रवार को इसकी जानकारी हुई। लुटेरे जिस नंबर पर रुपये भेजना चाहते थे, वह नंबर उसमें आ गए। इसकी जानकारी पुलिस को दी है।
लूट का मामला चोरी में दर्ज नहीं किया जा सकता है। पुलिस अपने बचाव के लिए लूट का मामला चोरी में दर्ज कर देती है। लूट के मामले में 392 और 394 में मामला दर्ज करना चाहिए।
- खालिद खान, अधिवक्ता
मामले की जांच कराई जाएगी। अगर पुलिस ने धाराओं में खेल किया है तो संबंधित पुलिसकर्मी की जांच कराकर रिपोर्ट भेजी जाएगी।
-अवनीश कुमार, सीओ
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गाजियाबाद। हाईवे पर हुई एक लूट को पुलिस ने चोरी में दर्ज किया है। वारदात एनएच-9 पर आदित्य वर्ल्ड सिटी के पास डिलीवरी मैन से हुई। पांच हथियारबंद बदमाशों ने लूट को अंजाम दिया, जबकि करीब पांच सौ मीटर दूर पुलिस खड़ी थी।
मुरादनगर का रहने वाला सुमित जोमेटो में डिलीवरी का काम करता है। सुमित ने बताया कि वह 9 दिसंबर की रात करीब 10 बजे आरडीसी से आदित्य वर्ल्ड सिटी में डिलीवरी देने गया था। जहां पहुंचने में थोड़ी देर हो गई। डिलीवरी देने के बाद आदित्य वर्ल्ड सिटी से बाहर निकलने के बाद हाइवे पर खड़े होकर कंपनी को इसकी जानकारी दे रहा था कि इतने में ही मास्क लगाकर आए पांच लोग अभद्रता करने लगे और पिस्टल तान दी। इसके बाद उन्होंने डिलीवरी के 8 हजार रुपये और मोबाइल छीन लिया। साथ ही बाइक में भी नुकसान कर दिया।
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सुमित ने बताया कि करीब पांच सौ मीटर की दूरी पर खड़ी पुलिस की गाड़ी की लाइट चमक रही थी। जिसकी सूचना उन्हें दी। जिसके बाद पुलिस ने घटना स्थल पर पहुंचकर कविनगर थाने में शिकायत देने के लिए कह दिया। वहां भी पुलिस ने शिकायत नहीं ली उन्होंने लाल कुआं चौकी पर शिकायत देने की बात कही।
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पुलिस ने चोरी में लिखवाई तहरीर
लूट पीड़ित सुमित ने बताया कि घटना के बाद उसने कुछ दूरी पर खड़ी पुलिस से संपर्क किया। तो उन्होंने आसपास देखा और बाद में कविनगर थाने में शिकायत देने को कह दिया। बृहस्पतिवार आधी रात में कविनगर थाने की पुलिस ने लालकुआं चौकी पर मामला दर्ज कराने के लिए कह दिया। शुक्रवार को लालकुआं चौकी की पुलिस ने तहरीर लिखवाई थी।
लुटेरों ने मोबाइल से ऑनलाइन रुपये निकालने की भी कोशिश की
लुटेरों ने डिलीवरी मैन से लूटे हुए मोबाइल से फोन पे व पेटीएम एप में से ऑनलाइन रुपये निकालने की भी कोशिश की। लेकिन पासवर्ड पता नहीं होने की वजह से ट्रांजेक्शन पूरी नहीं हुई। पीड़ित सुमित ने बताया कि मोबाइल लूटने के बाद नया नंबर निकलवा लिया था। फोन पे और पेटीएम लॉगइन करने पर शुक्रवार को इसकी जानकारी हुई। लुटेरे जिस नंबर पर रुपये भेजना चाहते थे, वह नंबर उसमें आ गए। इसकी जानकारी पुलिस को दी है।
लूट का मामला चोरी में दर्ज नहीं किया जा सकता है। पुलिस अपने बचाव के लिए लूट का मामला चोरी में दर्ज कर देती है। लूट के मामले में 392 और 394 में मामला दर्ज करना चाहिए।
- खालिद खान, अधिवक्ता
मामले की जांच कराई जाएगी। अगर पुलिस ने धाराओं में खेल किया है तो संबंधित पुलिसकर्मी की जांच कराकर रिपोर्ट भेजी जाएगी।
-अवनीश कुमार, सीओ