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लॉकडाउन में साफ हो गई हवा, फिर से जानलेवा हो रहा प्रदूषण

Ghaziabad Bureau गाजियाबाद ब्यूरो
Updated Thu, 25 Mar 2021 01:19 AM IST
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लॉकडाउन में साफ हो गई हवा, फिर से जानलेवा हो रहा प्रदूषण
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साहिबाबाद। पिछले साल कोरोना संक्रमण के दौरान केंद्र सरकार की ओर से लगाए गए लॉकडाउन में लोगों को प्रदूषण में राहत मिली। 22 मार्च से 30 सितंबर तक शहर की हवा एकदम साफ रही। इस दौरान एक्यूआई ग्रीन या येलो जोन में रहा। अक्तूबर में अनलॉक पांच के बाद सरकार की तरफ से काफी राहत दी गई तो फैक्टरियां भी चलने लगीं और सड़कों पर वाहनों की संख्या बढ़ी तो प्रदूषण भी बढ़ना शुरू हो गया। अक्तूबर 2020 में एक्यूआई एक बार फिर रेड जोन में आ गया। वहीं नवंबर शुरू होते ही प्रदूषण का स्तर चार सौ के पार पहुंच गया। नवंबर के बाद से लगातार प्रदूषण का स्तर बेहद खराब बना हुआ है।
बढ़ते संक्रमण को देखते हुए केंद्र सरकार ने 22 मार्च को जनता कर्फ्यू लगाया था। इसके बाद सरकार ने लॉकडाउन लगा दिया। इस दौरान लोग घरों में कैद हो गए। लोगों को जरूरी सामान ही खरीदने के लिए बाहर आने जाने की अनुमति थी। लॉकडाउन में सभी फैक्टरियां बंद हो गईं थीं। यहीं नहीं, सड़कों पर वाहन भी नहीं चल रहे थे। इसका ऐसा असर हुआ कि शहर में प्रदूषण पूरी तरह से साफ हो गया। जो प्रदूषण शहर में मानसून के दौरान ग्रीन जोन में रहता था, वह मार्च में ही ग्रीन जोन में पहुंच गया। लॉकडाउन से पहले शहर का एक्यूआई मानकों से दोगुना अधिक बना हुआ था, वह लॉकडाउन लगते ही ग्रीन जोन में आ गया। 26 मार्च 2020 को एक्यूआई 84 तक पहुंच गया। मार्च से सितंबर 2020 तक एक्यूआई 250 से ऊपर नहीं गया। अधिकांश समय यह ग्रीन और येलो जोन में ही रहा। अक्तूबर में सरकार की तरफ से अनलॉक पांच लागू किया गया, जिसमें लोगों को काफी राहत दी गई। अधिकांश फैक्टरियां शुरू हो गईं। साथ ही सड़कों पर वाहनों की संख्या में भी इजाफा हुआ। जिसका असर यह हुआ कि फिर से प्रदूषण बढ़ना लगा। अक्तूबर में एक्यूआई 200 के नीचे नहीं आया। 12 मार्च तक यह तीन सौ तक पहुंच गया। 30 अक्तूबर को यह सर्वाधिक 382 तक जा पहुंचा। नवंबर में स्थिति और खराब हुई। एक्यूआई पांच नवंबर को ही साढ़े चार सौ के पार पहुंच गया। दिवाली से पहले एक्यूआई 482 तक जा पहुंचा। नवंबर के बाद से शहर में प्रदूषण का स्तर बढ़ा हुआ है। सितंबर 24 सितंबर 2020 के बाद मार्च 2021 तक एक बार ही शहर का प्रदूषण स्तर ग्रीन जोन में आया है।
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2020 में अगस्त रहा सबसे साफ
लॉकडाउन के दौरान मार्च से सितंबर तक एक्यूआई ग्रीन या येलो जोन में रहा, लेकिन अगस्त माह के आंकड़े देखे जाए तो इस दौरान हवा सबसे साफ रही। अगस्त में एक्यूआई ग्रीन जोन से ऊपर नहीं गया। अगस्त में 31 तारीख को एक्यूआई सबसे कम 41 दर्ज किया गया। जबकि आठ तारीख को एक्यूआई सबसे ज्यादा 84 रहा। इस दौरान बारिश की वजह से भी प्रदूषण स्तर में लगातार गिरावट देखी गई। यहीं कारण रहा कि प्रदूषण ग्रीन जोन में बना रहा।
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लॉकडाउन के दौरान हर माह में कितना अधिक और कम रहा एक्यूआई
माह : सबसे कम- सबसे अधिक
मार्च : 48-237
अप्रैल : 66-250
मई : 61-247
जून : 79-285
जुलाई : 44-162
अगस्त : 41-95
सितंबर : 57-202
अक्तूबर : 174-389
नवंबर : 166-482
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