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बिल्डर को धमकाने के मामले में अफजलपुर में हुई पंचायत
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बिल्डर को धमकाने के मामले में अफजलपुर में हुई पंचायत
लोनी। निवर्तमान जिला पंचायत अध्यक्ष लक्ष्मी मावी के पति पवन मावी द्वारा फोन पर बिल्डर संजय मावी को धमकी देने के मामले में शुक्रवार दोपहर अफजलपुर गांव में करीब 12 गांव के ग्रामीणों ने पंचायत की। पंचायत में धमकी देने के मामले में दूसरे पक्ष की बात सुनने के बाद फैसला लेने की बात कही गई है।
पंचायत में अफजलपुर, निस्तौली, टीला शाहबाजपुर, रिस्तल, जावली समेत अन्य गांव के लोग पहुंचे। पंचायत में पीड़ित पक्ष की बात सुनी गई। पीड़ित की बात सुनकर अन्य गांव के लोगों ने भी पवन मावी पर उत्पीड़न करने के आरोप लगाए। सभी गांव के लोगों ने पवन मावी का बहिष्कार करने की बात कही। हालांकि इससे पूर्व पंचों ने पवन मावी से बात कर उसका पक्ष जानने की भी बात कही। पवन मावी से बात करने के लिए 5 सदस्यों की टीम बनाई गई है। यह सदस्य पवन मावी से बात कर उनका पक्ष जानेंगे। उनका पक्ष जानने के बाद पंचायत आगे का फैसला लेगी। हालांकि दूसरे पक्ष का फैसला जानने के बाद अगली पंचायत कब होगी, इसका निर्णय अभी नहीं लिया गया है। पंचायत में मुख्य रूप से रिस्तल गांव से नेमपाल प्रधान, ईश्वर मावी, हरेंद्र कसाना, अनिल कसाना, अनिल शर्मा, बबली कसाना, महिपाल कसाना, रोहतास प्रधान, टेकचंद सरपंच आदि मौजूद रहे।
देश में कानून व्यवस्था है। सभी लोग संविधान को मानने वाले लोग हैं। पंचायतों से संविधान और कानून नहीं चलते हैं। मामले में कानून अपना काम कर रहा है। दूध का दूध पानी का पानी हो जाएगा, जो दोषी है वह जेल जाएगा।
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- पवन मावी
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लोनी। निवर्तमान जिला पंचायत अध्यक्ष लक्ष्मी मावी के पति पवन मावी द्वारा फोन पर बिल्डर संजय मावी को धमकी देने के मामले में शुक्रवार दोपहर अफजलपुर गांव में करीब 12 गांव के ग्रामीणों ने पंचायत की। पंचायत में धमकी देने के मामले में दूसरे पक्ष की बात सुनने के बाद फैसला लेने की बात कही गई है।
पंचायत में अफजलपुर, निस्तौली, टीला शाहबाजपुर, रिस्तल, जावली समेत अन्य गांव के लोग पहुंचे। पंचायत में पीड़ित पक्ष की बात सुनी गई। पीड़ित की बात सुनकर अन्य गांव के लोगों ने भी पवन मावी पर उत्पीड़न करने के आरोप लगाए। सभी गांव के लोगों ने पवन मावी का बहिष्कार करने की बात कही। हालांकि इससे पूर्व पंचों ने पवन मावी से बात कर उसका पक्ष जानने की भी बात कही। पवन मावी से बात करने के लिए 5 सदस्यों की टीम बनाई गई है। यह सदस्य पवन मावी से बात कर उनका पक्ष जानेंगे। उनका पक्ष जानने के बाद पंचायत आगे का फैसला लेगी। हालांकि दूसरे पक्ष का फैसला जानने के बाद अगली पंचायत कब होगी, इसका निर्णय अभी नहीं लिया गया है। पंचायत में मुख्य रूप से रिस्तल गांव से नेमपाल प्रधान, ईश्वर मावी, हरेंद्र कसाना, अनिल कसाना, अनिल शर्मा, बबली कसाना, महिपाल कसाना, रोहतास प्रधान, टेकचंद सरपंच आदि मौजूद रहे।
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देश में कानून व्यवस्था है। सभी लोग संविधान को मानने वाले लोग हैं। पंचायतों से संविधान और कानून नहीं चलते हैं। मामले में कानून अपना काम कर रहा है। दूध का दूध पानी का पानी हो जाएगा, जो दोषी है वह जेल जाएगा।
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- पवन मावी