फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Delhi NCR ›   Ghaziabad News ›   Ghaziabad News

विरोध के बीच शांति नगर में 11 मकान जमींदोज किए, सड़क पर आए परिवार

Ghaziabad Bureau गाजियाबाद ब्यूरो
Updated Sun, 11 Oct 2020 01:12 AM IST
विज्ञापन
Ghaziabad News
विरोध के बीच शांतिनगर में 11 मकान जमींदोज, सड़क पर आए परिवार
विज्ञापन

गाजियाबाद। शांतिनगर और लोहिया विहार में नगर निगम ने भारी विरोध के बीच शनिवार को बुल्डोजर चलाकर 11 मकान जमींदोज कर दिए। खून-पसीने की कमाई से बनाए आशियाने पर बुल्डोजर चलाने के विरोध में एक मकान मालिक कृष्ण कुमार ने खुद को मकान में बंद कर फंदा लगाने की कोशिश की। पुलिस ने दरवाजा तोड़कर उसे बाहर निकाला। पुलिस ने उनका सामान भी मकान से बाहर निकलवाया और मकान ध्वस्त कर दिया। बाद में पुलिस ने कृष्ण कुमार का शांतिभंग में चालान कर दिया। भारी हंगामे और विरोध की आशंका के चलते नगर निगम ने पुलिस बल, आरएएफ और निगम के प्रवर्तन दस्ते में शामिल रिटायर्ड फौजियों को तैनात कर पूरे क्षेत्र को छावनी में तब्दील कर दिया था।
शनिवार सुबह करीब सात बजे ही नगर निगम की टीम शांतिनगर के पास स्थित निगम के डीजल पंप पर एकत्र हो गई थी। इसके बाद पुलिस बल, आरएएफ की टीम, प्रवर्तन दस्ता, सिटी मजिस्ट्रेट विपिन कुमार, अपर नगरायुक्त आरएन पांडेय, सीओ आलोक दुबे, विजयनगर जोन के प्रभारी राजवीर सिंह, वसुंधरा जोन प्रभारी सुनील राय, मोहन नगर जोन प्रभारी एसके गौतम, कविनगर जोन प्रभारी हरिकृष्ण गुप्ता, संपत्ति अधीक्षक भोलानाथ गौतम, संपत्ति लिपिक प्रदीप कुमार आदि पहुंचे। सुबह करीब 10:30 बजे नगर निगम ने शांतिनगर कॉलोनी में ध्वस्तीकरण की कार्रवाई शुरू की। कार्रवाई शुरू होते ही मकान मालिकों ने विरोध शुरू कर दिया। हालांकि भारी संख्या में मौजूद पुलिसकर्मियों ने लोगों को बुल्डोजर के सामने से हटाया। महिला पुलिसकर्मियों ने विरोध कर रही महिलाओं को हटाकर कार्रवाई शुरू कराई। निगम ने उन 11 मकानों को ध्वस्त किया, जिन पर तीन सप्ताह पूर्व नगर निगम ने मकान खाली करने के नोटिस चस्पा कर लाल निशान लगाए थे। नगर निगम ने चार जेसीबी मशीनों से 11 मकानों को ध्वस्त कर दिया। यह कार्रवाई शाम तक चली।
विज्ञापन

-----
खुद को कमरे में बंद कर जान देने की कोशिश की
नगर निगम के बुल्डोजर को देख मूलरूप से बिहार के रहने वाले कृष्ण कुमार ने खुद को मकान के कमरे में बंद कर लिया। उन्होंने जान देने की कोशिश की। परिवार के अन्य सदस्य मकान से बाहर आ चुके थे। कृष्ण कुमार ने कभी मकान की दूसरी मंजिल से कूदने तो कभी फंदा लगाकर जान देने की चेतावनी दी। उनका कहना था कि निगम ने अगर बुल्डोजर चलाया तो वह जान दे देंगे। इसके बाद पुलिसकर्मी और निगम कर्मचारी दरवाजा तोड़कर मकान में दाखिल हुए और कृष्ण कुमार को हिरासत में ले लिया। उन्हें सिहानी गेट थाने भेज दिया गया। इसके बाद मकान का सामान बाहर निकाला गया और ध्वस्तीकरण की कार्रवाई की गई।
विज्ञापन
विज्ञापन

-----
इसलिए चलाया गया मकानों पर बुल्डोजर
नंदग्राम में देश का पहला राजनीतिक प्रशिक्षण केंद्र बनाया जाना है। करीब दो साल पहले मुख्यमंत्री इसका शिलान्यास कर चुके हैं। नगर निगम ने इस प्रशिक्षण केंद्र के लिए नंदग्राम में निगम के डीजल पंप के बगल में करीब 52 हजार वर्ग मीटर जमीन चिह्नित कर कार्यदायी संस्था सीएंडडीएस को दी है। इसमें से करीब 42 हजार वर्ग मीटर जमीन खाली है और 10 हजार वर्ग मीटर जमीन पर मकान बने हुए हैं। निगम ने इस जमीन को खाली कराने के लिए 101 मकानों को चिह्नित किया था। हालांकि विरोध के बाद पहले चरण में नगर निगम ने सिर्फ 11 मकानों को तोड़ने के लिए उन पर लाल निशान लगाए थे। निगम अधिकारियों का कहना है कि इन मकानों को तोड़े जाने के बाद राजनीतिक प्रशिक्षण केंद्र का काम शुरू हो सकेगा। अब यह जमीन सीएंडडीएस के सुपुर्द कर दी जाएगी और जल्द ही इस पर निर्माण कार्य शुरू होगा।

-----
नहीं पहुंचे जनप्रतिनिधि, फोन भी मिले स्विच ऑफ
शांतिनगर में मकानों को तोड़े जाने के विरोध में करीब 10 दिन से कॉलोनी में धरना चल रहा था। स्थानीय पार्षद माया देवी रोजाना इस धरने पर बैठती थीं। कांग्रेस और रालोद के नेताओं ने मकान न तोड़े जाने की मांग को लेकर नगर निगम पर प्रदर्शन भी किया था। कांग्रेस के कई नेताओं ने धरनास्थल पर जाकर समर्थन भी दिया था। एक पूर्व विधायक ने भी लोगों को समर्थन दिया था। शनिवार को बुल्डोजर चला तो न तो क्षेत्रीय पार्षद मौके पर पहुंचीं और न ही कांग्रेस, रालोद के नेता व पूर्व विधायक पहुंचे। इससे लोगों में जबरदस्त गुस्सा था। उनका कहना था कि उन्होंने मदद के लिए साहिबाबाद विधायक को भी फोन किया, लेकिन उनका फोन स्विच ऑफ मिला। मेयर आशा शर्मा के पति केके शर्मा को भी फोन किया, लेकिन वहां से भी कोई मदद नहीं मिली।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed