फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Delhi NCR ›   Ghaziabad News ›   400 crore loan scam seven proofs tightened on bank officers

Ghaziabad: 400 करोड़ का ऋण घोटाला, बैंक अफसरों पर कसा सात सुबूतों का शिकंजा, पुलिस ने जुटाए सात ऐसे साक्ष्य

Thu, 18 Aug 2022 01:51 AM IST
गाजियाबाद ब्यूरो राहुल सिंघल, गाजियाबाद
राहुल सिंघल, गाजियाबाद Published by: गाजियाबाद ब्यूरो Updated Thu, 18 Aug 2022 01:51 AM IST
सार

पांच आरोपियों पर पुलिस ने 15-15 हजार का इनाम घोषित किया था। इनमें से पुलिस हाल में सुनील को गिरफ्तार कर चुकी है। चार इनामी फरार चल रहे हैं।

विज्ञापन
400 crore loan scam seven proofs tightened on bank officers
सांकेतिक तस्वीर - फोटो : फाइल फोटो

विस्तार

400 करोड़ के ऋण घोटाले के मास्टरमाइंड लक्ष्य तंवर के खिलाफ तो पुलिस के पास सुबूतों की लंबी फेहरिस्त पहले से है। अब उसका साथ देने वाले बैंक अफसरों पर भी सुबूतों का शिकंजा कस दिया है। पुलिस ने सात ऐसे साक्ष्य जुटाए हैं जो इस केस की सुनवाई में बेहद अहम साबित हो सकते हैं। इनमें फोरेंसिक जांच रिपोर्ट भी शामिल है। पुलिस की कोशिश जल्द ही और मामलों में चार्जशीट दाखिल करने की है। अब तक दर्ज 45 केस में से 15 में चार्जशीट दाखिल हो चुकी है। इनमें बैंक अफसरों सहित 22 आरोपी हैं।

विज्ञापन


पुलिस ने बताया कि अब तक की जांच में यह पूरी तरह से स्पष्ट हो गया है कि लक्ष्य ने घोटाले का ताना-बाना बुना। बैंक के अफसरों ने इसमें उसका भरपूर सहयोग किया। इसी के साक्ष्य कोर्ट के सामने रखे गए हैं। मुख्य आरोपी लक्ष्य तंवर, पिता अशोक कुमार, बैंक अधिकारी प्रियदर्शनी, रामनाथ मिश्रा, उत्कर्ष कुमार और लक्ष्य के अन्य साथी वरुण त्यागी, शिवम, सुनील अरोड़ा, नरेश बग्गा, तुषार गोयल और सुमित को गिरफ्तार किया जा चुका है। बैंक अधिकारी तारिक हुसैन और संजय अभी फरार हैं। पांच आरोपी दक्ष बग्गा, विशेष बहल, सूरज कालरा, राजरानी कालरा और सुनील कुमार पर पुलिस ने 15-15 हजार का इनाम घोषित किया था। इनमें से पुलिस हाल में सुनील को गिरफ्तार कर चुकी है। चार इनामी फरार चल रहे हैं।
विज्ञापन


ऐसे किया घोटाला
लक्ष्य अच्छे दाम पर बिकवाने के नाम पर लोगों से जमीन के कागजात लेता था। इनकी फोटोकॉपी करा लेता था। फिर मूल कागजात ग्राहक न मिलने की बात कहकर लौटा देता था। फोटोकॉपी पर बैंक से ऋण ले लेता था। बैंक अफसरों से सांठगांठ था, इसलिए वे कोई पड़ताल नहीं कराते थे। उसने ऋण लेने के लिए 257 फर्जी कंपनियां बनाई और उनके नाम से खाते खुलवाए। जिन लोगों के कागजात की फोटोकॉपी लेता था, उनके नाम से ऋण के लिए आवेदन करता। ऋण की रकम फर्जी कंपनियों के खाते में जाती थी। इसे वह हड़प लेता था। गारंटर भी फर्जी होते थे। बैंक अफसर सबकुछ जानकर भी अनजान बने रहते थे।
विज्ञापन
विज्ञापन


संपत्ति की होगी कुर्की
पुलिस गिरफ्तार हो चुके और फरार चल रहे बैंक अफसरों की संपत्ति की तलाश में जुटी है। बैंक अफसर बिहार के रहने वाले हैं। सभी की संपत्ति को चिन्हित कर जांच की जा रही है। पुलिस का कहना है कि घोटाले की रकम से खरीदी गई संपत्ति को कुर्क किया जाएगा।


लक्ष्य तंवर और बैंक अफसरों के खिलाफ ठोस साक्ष्य मिले हैं। इनके आधार पर चार्जशीट दाखिल की गई है। जल्द ही अन्य मामलों की जांच पूरी की जाएगी। मजबूत पैरवी करके आरोपियों को सजा दिलाई जाएगी। - निपुण अग्रवाल, एसपी सिटी

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed