वोटर कार्ड बनवाकर रह रहे पाकिस्तानी को किया गिरफ्तार
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
पुलिस ने खुफिया विभाग की सूचना पर 60 साल से रह रहे एक पाकिस्तानी को गिरफ्तार किया है, जिसने विदेशी अधिनियम का उल्लंघन कर इंडिया का वोटर आईडी कार्ड और राशन कार्ड बनवा लिया था, साथ ही मकान भी खरीद लिया था।
पकड़ा गया आरोपी मोहम्मद यूनुस (66) है। यह मूल रूप से काजमाबाद कराची पाकिस्तान का रहने वाला है। यूनुस 1956 में पिता नवाब खां और मां जमीला के साथ वीजा पर यहां आया था। उस समय इसकी उम्र करीब छह साल थी। इसके बाद से यह यहां डासना के मोहल्ला काजीवाड़ा से नहीं गया।
इसकी शादी दिल्ली निवासी बानो से हुई है। इनकेचार बच्चे हैं, दो बेटे और दो बेटियां। सबसे छोटा 14 साल का बेटा है अमन, जबकि बाकी तीनों औलादों की शादियां हो चुकी हैं। वर्ष 2000 में यूनुस के पिताकी मृत्यु हो गई थी, जबकि मां की मौत 2008 में हुई। इसका एक भाई है बशीर अहमद, जो शेरपुर अनूपशहर बुलंदशहर में रहता है।
विदेशी अधिनियम का उल्लंघन करते हुए 2004 में वोटर आईडी कार्ड बनवाया
मसूरी पुलिस ने बताया कि यूनुस ने विदेशी अधिनियम का उल्लंघन करते हुए 2004 में वोटर आईडी कार्ड बनवाया था और तभी मतदाता सूची में भी नाम जुड़वाया था। इसके अलावा इसने राशन कार्ड भी बनवाया हुआ है और मकानों की खरीद-फरोख्त भी करता है।
इसी वजह से इसके खिलाफ धोखाधड़ी और विदेशी अधिनियम के तहत रिपोर्ट दर्ज कर गिरफ्तार किया गया है। हालांकि यह वीजा का नवीनीकरण कराता रहता था। अब भी इसने नवीनीकरण के लिए अप्लाई किया हुआ था।
अब तक कहां सोया था खुफिया विभाग
यूनुस की गिरफ्तारी मामले में लोग सवाल उठा रहे हैं कि खुफिया विभाग अब तक कहां सोया था। दरअसल, यूनुस के वोटर आईडी कार्ड, राशन कार्ड आदि 2004 के बने हुए हैं। उसका भरा पूरा परिवार है। पुलिस का कहना है कि सालों से इसकी जांच चल रही थी।