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ओएलएक्स पर कार दिखाकर ठगी
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ओएलएक्स पर गाड़ी दिखाकर इंजीनियर से 21 हजार रुपये ठगे
गाजियाबाद। ऑनलाइन पोर्टल पर कार बेचने का इश्तिहार देकर एक ठग ने सेना में तैनात एक इंजीनियर से 21 हजार की ठगी कर ली। ठगों ने दो बार में उनसे यह रकम वॉलेट पर ट्रांसफर कराई। तीसरी बार रकम देने से इंकार किया और अपने 21 हजार रुपये वापस मांगे तो उन्होंने धमकी देकर फोन काट दिया। ठगी के शिकार हुए इंजीनियर ने कविनगर थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई है। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
स्वर्णजयंती पुरम निवासी संजय सिंह आर्मी में इंजीनियर हैं और फिलहाल असम में तैनात हैं। उन्होंने बताया कि मार्च में ओएलएक्स पोर्टल पर कार खरीदने के लिए वह सर्च कर रहे थे। इसी दौरान उन्होंने एक वरना कार देखी। इसकी कीमत 1.40 लाख रुपये बताई गई। संबंधित फोन नंबर पर कॉल किया तो कॉल रिसीव करने वाले ने खुद को कार डीलर शांति लाल जैन बताया। उसने बताया कि कार के मालिक नोएडा के एक गांव के रहने वाले योगेश कुमार हैं। उसने एक फोन नंबर देकर बताया कि यह योगेश कुमार का है और वह सीआईएसएफ आगरा में तैनात हैं। उसने बताया कि जरूरत की वजह से वह कार सस्ती बेच रहे हैं। शांति लाल ने संजय सिंह से पांच हजार रुपये मोबाइल वॉलेट के अकाउंट में ट्रांसफर करा लिए। अगले दिन बताया कि उन्होंने कार एक कोरियर कंपनी के जरिए बुक कर दी है और जल्द ही उन्हें मिल जाएगी। इसके बाद उन्होंने 15999 रुपये और ट्रांसफर करा लिए। संजय सिंह ने बताया कि उन्हें शक हुआ था, लेकिन योगेश ने उन्हें कॉल कर झांसे में ले लिया। इसके बाद उन्होंने यह रकम ट्रांसफर कर दी थी। अगले दिन कार डीलर की ओर से फोन कर बताया गया कि उनकी ओर से रकम मिलने में देरी हो गई और अब 31 हजार रुपये पेनाल्टी के रूप में देने पड़ेंगे। संजय सिंह ने कार खरीदने से इंकार कर दिया और अपनी रकम वापस मांगी। इस पर ठगों ने 15 दिन में रकम वापस लौटाने की बात कही। पैसा न मिलने पर उन्होंने उसी नंबर पर कॉल किया तो आरोपियों ने धमकी देकर फोन काट दिया। इसके बाद संजय सिंह ने कविनगर थाने में ठगी की रिपोर्ट दर्ज कराई। एसएचओ कविनगर राजकुमार शर्मा का कहना है कि मामले की जांच की जा रही है। नंबर को ट्रेस कर आरोपियों के बारे में जानकारी जुटाई जा रही है।
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गाजियाबाद। ऑनलाइन पोर्टल पर कार बेचने का इश्तिहार देकर एक ठग ने सेना में तैनात एक इंजीनियर से 21 हजार की ठगी कर ली। ठगों ने दो बार में उनसे यह रकम वॉलेट पर ट्रांसफर कराई। तीसरी बार रकम देने से इंकार किया और अपने 21 हजार रुपये वापस मांगे तो उन्होंने धमकी देकर फोन काट दिया। ठगी के शिकार हुए इंजीनियर ने कविनगर थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई है। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
स्वर्णजयंती पुरम निवासी संजय सिंह आर्मी में इंजीनियर हैं और फिलहाल असम में तैनात हैं। उन्होंने बताया कि मार्च में ओएलएक्स पोर्टल पर कार खरीदने के लिए वह सर्च कर रहे थे। इसी दौरान उन्होंने एक वरना कार देखी। इसकी कीमत 1.40 लाख रुपये बताई गई। संबंधित फोन नंबर पर कॉल किया तो कॉल रिसीव करने वाले ने खुद को कार डीलर शांति लाल जैन बताया। उसने बताया कि कार के मालिक नोएडा के एक गांव के रहने वाले योगेश कुमार हैं। उसने एक फोन नंबर देकर बताया कि यह योगेश कुमार का है और वह सीआईएसएफ आगरा में तैनात हैं। उसने बताया कि जरूरत की वजह से वह कार सस्ती बेच रहे हैं। शांति लाल ने संजय सिंह से पांच हजार रुपये मोबाइल वॉलेट के अकाउंट में ट्रांसफर करा लिए। अगले दिन बताया कि उन्होंने कार एक कोरियर कंपनी के जरिए बुक कर दी है और जल्द ही उन्हें मिल जाएगी। इसके बाद उन्होंने 15999 रुपये और ट्रांसफर करा लिए। संजय सिंह ने बताया कि उन्हें शक हुआ था, लेकिन योगेश ने उन्हें कॉल कर झांसे में ले लिया। इसके बाद उन्होंने यह रकम ट्रांसफर कर दी थी। अगले दिन कार डीलर की ओर से फोन कर बताया गया कि उनकी ओर से रकम मिलने में देरी हो गई और अब 31 हजार रुपये पेनाल्टी के रूप में देने पड़ेंगे। संजय सिंह ने कार खरीदने से इंकार कर दिया और अपनी रकम वापस मांगी। इस पर ठगों ने 15 दिन में रकम वापस लौटाने की बात कही। पैसा न मिलने पर उन्होंने उसी नंबर पर कॉल किया तो आरोपियों ने धमकी देकर फोन काट दिया। इसके बाद संजय सिंह ने कविनगर थाने में ठगी की रिपोर्ट दर्ज कराई। एसएचओ कविनगर राजकुमार शर्मा का कहना है कि मामले की जांच की जा रही है। नंबर को ट्रेस कर आरोपियों के बारे में जानकारी जुटाई जा रही है।
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