फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Delhi NCR ›   Ghaziabad News ›   Banned cough syrups were being sent from Tronic City to Bihar for intoxication

Ghaziabad News: ट्राॅनिकी सिटी से नशे के लिए बिहार भेजे जा रहे थे प्रतिबंधित कफ सिरप

Ghaziabad Bureau गाजियाबाद ब्यूरो
Updated Wed, 26 Feb 2025 12:50 AM IST
विज्ञापन
Banned cough syrups were being sent from Tronic City to Bihar for intoxication
लोनी। ट्राॅनिकी सिटी के इलायचीपुर गांव से प्रतिबंधित कफ सिरप की बिहार में सप्लाई की जा रही थी। बिहार में शराब बेचने पर पाबंदी है। इसलिए, वहां लोग नशे के लिए सिरप का इस्तेमाल कर रहे हैं। इस जानकारी पर पुलिस ने गोदाम पर छापा मारा। यहां से 87 लाख के कफ सिरप मिले। गोदाम और दवाओं का कोई भी लाइसेंस नहीं दिखा पाने पर गोदाम संचालक गौतम सिंह को गिरफ्तार कर लिया गया है।
विज्ञापन



औषधि निरीक्षकों की टीम के साथ पहुंची पुलिस को गोदाम में 273 कार्टन मिले। इनमें 40,926 कफ सिरप थे। सभी कार्टन पर कंबल लिखा था। पुलिस पूछताछ में गौतम सिंह ने बताया कि शराब बंदी के बाद से ही बिहार से कफ सिरप की मांग आ रही है। सबसे ज्यादा ऐसे कफ सिरप की मांग है, जिनमें अल्कोहल की मात्रा अधिक होती है। इन सिरप की बिक्री पर पाबंदी है।
विज्ञापन




एसीपी लोनी सूर्यबली मौर्य ने बताया कि गिरफ्तार किया गया गौतम सिंह (44) बहराइच के रामगांव का निवासी है। उसने पूछताछ में बताया है कि ये सिरप दिल्ली से लाए जाते हैं। इन्हें गोदाम पर रखा जाता है। इसके बाद मांग के हिसाब से बिहार के वितरकों को भेजा जाता है। पांचवी पास गौतम ने बताया कि उसने तीन महीने पहले गोदाम किराए पर लिया था। उसके साथ दो और लोग इस काम में लगे हैं। एसीपी ने बताया कि दोनों की तलाश की जा रही है।
विज्ञापन
विज्ञापन




211 रुपये का सिरप बेच रहे 500 रुपये में
गौतम सिंह ने पुलिस को बताया कि प्रतिबंधित कफ सिरप की सप्लाई और भी कई लोग करते हैं। सबसे ज्यादा आगरा से की जाती है। मेरठ में कई लोग पकड़े जा चुके हैं। ये सिरप उत्तराखंड और हिमाचल प्रदेश की फैक्टरियों में बनते हैं। वहां से दिल्ली भेजे जाते हैं। इसके बाद गोदाम में रखे जाते हैं। गोदाम से मांग के हिसाब से सप्लाई की जाती है। एक सिरप की कीमत 211 रुपये है लेकिन बिहार में 500 रुपये तक में बिक जाता है। इस वजह से बिहार के मेडिकल स्टोर संचालकों की ओर से काफी मांग आती है।



ऊपर नीचे कंबल और बीच में रखते हैं सिरप
पुलिस ने बताया कि सभी कार्टन को खोलकर देखा गया तो प्रत्येक में दो दो कंबल मिले। एक कंबल ऊपर और एक नीचे रखा जाता है। इन दोनों के बीच में कफ सिरप रखे जाते हैं। ऐसा पुलिस चेकिंग में बचने के लिए किया जाता है। कई बार सेब की पेटियों में भी सिरप ले जाए गए हैं। इन सिरप के ई-वे बिल बोगस फर्मों के नाम से बनाए जाते हैं। औषधि निरीक्षक ने कफ सिरप के नमूने लिए हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed