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किशोर इकाई गृह का उद्घाटन आज
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महिला थाना परिसर में शुरू होगा ‘किशोर इकाई गृह’
गाजियाबाद। बाल अपराधियों के लिए अब चाइल्ड फ्रेंडली ‘किशोर इकाई’ बनाया जा रहा है। यह बाल किशोर इकाई गृह लोहियानगर स्थित महिला थाना परिसर में बनाया गया है। बृहस्पतिवार को इसका उद्घाटन यूनिसेफ की टीम सहित कुछ देशों के एंबेसेडर करेंगे। इसमें जापान से लेकर अन्य देशों के प्रतिनिधि भी शामिल रहेंगे। इस बाल इकाई गृह को पेंटिंग्स और खिलौनों से सजाया गया है। इस इकाई को यूनीसेफ द्वारा ही तैयार किया गया है।
बाल अपराधी जो छोटी-मोटी घटनाओं में लिप्त होते हैं या फिर कुछ ऐसे बाल अपराधी होते हैं जिनके बयान आदि लेने में मुश्किल आती है उन सभी बच्चों के लिए ‘किशोर इकाई’ बनाई गई है जिसका उद्घाटन बृहस्पतिवार को होगा। जिसमें बच्चों को ऐसा माहौल दिया जाएगा, जिसमें वह बेझिझक होकर रह सकें और बिना डरे बयान दर्ज करा सकें। इसके लिए महिला थाना परिसर में कमरा बनकर तैयार है। इस किशोर इकाई गृह की दीवारों को पेंटिंग से सजाया जाएगा और इसमें पुलिस भी सादी वर्दी में तैनात रहेंगी। आपराधिक वारदातों में शामिल बच्चे क्राइम की दुनिया में दोबारा न जा सके। इसके लिए भी पुलिस उन्हें ऐसा माहौल उपलब्ध कराएगी, जिससे वह बिना डरे बात कह सकें। शुरुआत के तीन से चार घंटे बच्चों को इस किशोर इकाई में रखा जाएगा। इसके बाद उन्हें सिहानी गेट स्थित बाल थाने में शिफ्ट किया जाएगा। बच्चों से वार्ता के लिए हर थाने में बाल मित्र अधिकारी नामित किए गए हैं, जिसमें एक एसआई व एक कांस्टेबल स्तर के अधिकारी हैं। विशेष किशोर पुलिस इकाई के नोडल अधिकारी सीओ फर्स्ट और इंचार्ज प्रतिभा सिंह को बनाया गया है। यूनिसेफ द्वारा इस इकाई को फेंडली माहौल में ढाला गया हैं। जहां बच्चों के लिए खिलौने, किताबें, स्लोगन से दीवारों को पेंट किया गया है। केंद्र को इस तरह से बनाया गया है, जिससे लगे कि बच्चे किसी थाने में नहीं बल्कि प्ले जोन में पहुंच गए हों। यूनीसेफ के डिवीजनल रिसोर्स पर्सन गुरुमुख सिंह लांबा ने बताया कि इस इकाई में बच्चों से पुलिस वाले वर्दी में नहीं मिलेंगे बल्कि सादी वार्दी में ही बच्चों से वार्ता की जाएगी। बयान के लिए बच्चों पर कोई दबाव नहीं होगा। इससे पहले वर्ष 2016 से यह इकाई पुलिस लाइन में संचालित थी जिसे अब महिला थाने में शिफ्ट गया है।
यूनिसेफ की टीम में 12 सदस्य शामिल रहेंगे। इस टीम से जापान से लेकर अन्य कुछ देशों के प्रतिनिधि शामिल रहेंगे। इसमें कुछ देशों के एंबेसेडर रहेंगे साथ ही यूनीसेफ की टीम रहेगी। यह टीम ग्राम निठौरी में स्वच्छता सहित, बाल पोषण, ई-शिक्षा एप आदि की जमीनी हकीकत जांचेगी। उसके बाद दोपहर एक बजे किशोर ईकाई का उद्घाटन करेगी और मीटिंग करेगी। दो बजे के बाद डीएम के साथ भी बैठक होगी।
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गाजियाबाद। बाल अपराधियों के लिए अब चाइल्ड फ्रेंडली ‘किशोर इकाई’ बनाया जा रहा है। यह बाल किशोर इकाई गृह लोहियानगर स्थित महिला थाना परिसर में बनाया गया है। बृहस्पतिवार को इसका उद्घाटन यूनिसेफ की टीम सहित कुछ देशों के एंबेसेडर करेंगे। इसमें जापान से लेकर अन्य देशों के प्रतिनिधि भी शामिल रहेंगे। इस बाल इकाई गृह को पेंटिंग्स और खिलौनों से सजाया गया है। इस इकाई को यूनीसेफ द्वारा ही तैयार किया गया है।
बाल अपराधी जो छोटी-मोटी घटनाओं में लिप्त होते हैं या फिर कुछ ऐसे बाल अपराधी होते हैं जिनके बयान आदि लेने में मुश्किल आती है उन सभी बच्चों के लिए ‘किशोर इकाई’ बनाई गई है जिसका उद्घाटन बृहस्पतिवार को होगा। जिसमें बच्चों को ऐसा माहौल दिया जाएगा, जिसमें वह बेझिझक होकर रह सकें और बिना डरे बयान दर्ज करा सकें। इसके लिए महिला थाना परिसर में कमरा बनकर तैयार है। इस किशोर इकाई गृह की दीवारों को पेंटिंग से सजाया जाएगा और इसमें पुलिस भी सादी वर्दी में तैनात रहेंगी। आपराधिक वारदातों में शामिल बच्चे क्राइम की दुनिया में दोबारा न जा सके। इसके लिए भी पुलिस उन्हें ऐसा माहौल उपलब्ध कराएगी, जिससे वह बिना डरे बात कह सकें। शुरुआत के तीन से चार घंटे बच्चों को इस किशोर इकाई में रखा जाएगा। इसके बाद उन्हें सिहानी गेट स्थित बाल थाने में शिफ्ट किया जाएगा। बच्चों से वार्ता के लिए हर थाने में बाल मित्र अधिकारी नामित किए गए हैं, जिसमें एक एसआई व एक कांस्टेबल स्तर के अधिकारी हैं। विशेष किशोर पुलिस इकाई के नोडल अधिकारी सीओ फर्स्ट और इंचार्ज प्रतिभा सिंह को बनाया गया है। यूनिसेफ द्वारा इस इकाई को फेंडली माहौल में ढाला गया हैं। जहां बच्चों के लिए खिलौने, किताबें, स्लोगन से दीवारों को पेंट किया गया है। केंद्र को इस तरह से बनाया गया है, जिससे लगे कि बच्चे किसी थाने में नहीं बल्कि प्ले जोन में पहुंच गए हों। यूनीसेफ के डिवीजनल रिसोर्स पर्सन गुरुमुख सिंह लांबा ने बताया कि इस इकाई में बच्चों से पुलिस वाले वर्दी में नहीं मिलेंगे बल्कि सादी वार्दी में ही बच्चों से वार्ता की जाएगी। बयान के लिए बच्चों पर कोई दबाव नहीं होगा। इससे पहले वर्ष 2016 से यह इकाई पुलिस लाइन में संचालित थी जिसे अब महिला थाने में शिफ्ट गया है।
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यूनिसेफ की टीम में 12 सदस्य शामिल रहेंगे। इस टीम से जापान से लेकर अन्य कुछ देशों के प्रतिनिधि शामिल रहेंगे। इसमें कुछ देशों के एंबेसेडर रहेंगे साथ ही यूनीसेफ की टीम रहेगी। यह टीम ग्राम निठौरी में स्वच्छता सहित, बाल पोषण, ई-शिक्षा एप आदि की जमीनी हकीकत जांचेगी। उसके बाद दोपहर एक बजे किशोर ईकाई का उद्घाटन करेगी और मीटिंग करेगी। दो बजे के बाद डीएम के साथ भी बैठक होगी।
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