{"_id":"5ca6c16bbdec22140a17611d","slug":"fraudulent-game-was-going-on-through-fraudulent-mail-in-greater-noida","type":"story","status":"publish","title_hn":"स्थानीय लोगों और पुलिस में था महिला का रौब, फर्जी मेल के जरिए चल रहा था धोखाधड़ी का खेल","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
स्थानीय लोगों और पुलिस में था महिला का रौब, फर्जी मेल के जरिए चल रहा था धोखाधड़ी का खेल
Fri, 05 Apr 2019 08:16 AM IST
vivek shukla
संदीप वर्मा, अमर उजाला, ग्रेटर नोएडा
संदीप वर्मा, अमर उजाला, ग्रेटर नोएडा
Published by: vivek shukla
Updated Fri, 05 Apr 2019 08:16 AM IST
विज्ञापन
सांकेतिक तस्वीर
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
नोएडा, मेरठ, गाजियाबाद, अलीगढ़ और गुरुग्राम में जोया खान ने फर्जी मेल के जरिए आईएफएस और यूनाइटेड नेशन की अधिकारी बनकर एस्कॉर्ट हासिल की हुई थी। आरोपियों को गिरफ्तार करने गई क्राइम ब्रांच और स्टार-2 टीम को बातचीत में जानकारी मिली कि महिला और उसके परिवार के प्रति आस-पास के लोगों में तो क्या स्थानीय पुलिस भी उनके रौब का खौफ था।
विज्ञापन
महिला यूनाईटेड नेशन के प्रॉक्सी सर्वर का प्रयोग करते हुए अधिकारियों और पुलिस विभाग को मेल भेजती थी। यूनाईटेड नेशन की ओर से मेल देखकर पुलिस विभाग चकमा खा जाता था और महिला को एस्कॉर्ट और गनर उपलब्ध हो जाता था। पिछले डेढ़ वर्षों से यह खेल चल रहा था।
विज्ञापन
तीन बार गौतमबुद्धनगर, आठ से दस बार मेरठ, दो बार गुरुग्राम, दो बार अलीगढ़, तीन बार गाजियाबाद में महिला ने एस्कॉर्ट और गनर हासिल किया। महिला अपने आपको वर्ष 2007 बैच की आईएफएस अधिकारी बताती थी। कम उम्र में 12 वर्ष पुरानी आईएफएस अधिकारी बताना महिला के लिए गलती साबित हुआ और एसएसपी गौतमबुद्धनगर वैभव कृष्ण ने संदेह होने पर महिला की जांच करा ली।
विज्ञापन
जांच में फर्जी आईएफएस का मामला सामने आने के बाद पुलिस की क्राइम ब्रांच और स्टार-2 टीम ने मेरठ में महिला को पकडने के लिए डेरा डाला। इस दौरान पड़ताल में उसके चिकित्सक पिता और मूलरूप से मेरठ निवासी कानपुर में पोस्टेड उसके पति के पिता का भी नाम था। वहीं, आस-पास के लोगों सहित स्थानीय पुलिस में महिला का रुतबा कायम था। उन्हें लोकल पुलिस ने किसी भी बड़ी कार्रवाई से पहले दस बार सोच लेने का भी सुझाव दिया था।
गिरफ्तारी के लिए गई टीम पर रौब गांठने की कोशिश
गिरफ्तारी के लिए गई गौतमबुद्धनगर की टीम पर दंपति ने रौब गांठने की कोशिश की। इस दौरान महिला ने उच्च पुलिस अधिकारियों को कॉल कर पुलिस निरीक्षक और उप निरीक्षकों की शिकायत भी की। वहीं, टीम को रौब गांठते हुए निलंबित कराने की भी धमकी दी।
दंपती में पीसीएस न बनने का अवसाद भी हावी दिखा
महिला के पिता एक बड़े चिकित्सक के रूप में मेरठ में जाने जाते हैं। वहीं, उसके पति के पिता भी बड़े सरकारी अधिकारी के पद पर कार्यरत हैं। पति हर्ष प्रताप सिंह ने एसबीआई पीओ की नौकरी छोड़कर पीसीएस की तैयारी की लेकिन अधिकारी नहीं बन पाया। वहीं, महिला भी कोई बड़ा पद नहीं पा सकी। पूछताछ के दौरान दंपति में इसका अवसाद दिखाई दे रहा था।-वैभव कृष्ण, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक