दिल्ली: फेसबुक लाइव वीडियो ने खोली तीस हजारी कोर्ट परिसर में सुरक्षा की पोल
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31 दिसंबर 2017 की शाम तीस हजारी कोर्ट में बार के दो पदाधिकारियों ने कथित रूप से गोलीबारी की थी। इतना ही नहीं, इनमें से एक नेता ने हथियार लहराते हुए फायरिंग की लाइव वीडियो को फेसबुक पर शेयर भी किया था। अदालत में एक शिकायत दायर कर यह आरोप लगाया गया है। अदालत ने शिकायत पर पुलिस को कार्रवाई रिपोर्ट पेश करने का निर्देश दिया है।
तीस हजारी अदालत के महानगर दंडाधिकारी बाबरू भान ने वरुण शर्मा की शिकायत पर एसएचओ सब्जी मंडी को 18 जुलाई तक कार्रवाई रिपोर्ट पेश करने का निर्देश दिया है। शिकायतकर्ता का कहना है कि उसने फेसबुक लाइव वीडियो देखकर पुलिस को तीन जनवरी 2018 को यह शिकायत दी थी लेकिन कोई कार्रवाई नहीं की गई।
कोर्ट के समक्ष शिकायत पर जिरह करते हुए अधिवक्ता दीपक शर्मा ने कहा इस शिकायत की जांच का जिम्मा एसआई विशन कुमार को सौंपा गया था। जांच अधिकारी ने दो वकीलों
महाराज सिंह डेढ़ा व प्रेम प्रकाश सोनी के बयान के आधार पर जांच बंद कर दी थी। इन वकीलों ने झूठा बयान दिया था, क्योंकि घटना वाले दिन यह दोनों कोर्ट परिसर में मौजूद नहीं
थे। इस बात की पुष्टि उनकी मोबाइल लोकेशन से हो सकती है।
कोर्ट के समक्ष शिकायतकर्ता के वकील ने कहा कि पुलिस को शिकायत करने के बाद यह वीडियो फेसबुक से हटा दिया गया था, लेकिन पुलिस चाहती तो दोबारा हासिल किया जा सकता था लेकिन ऐसा नहीं किया गया। शिकायत दायर कर दिल्ली बार एसोसिएशन के अतिरिक्त सचिव अजय अत्री, संयुक्त सचिव मनीष शर्मा, यशप मेहता, अखिलेश भारद्वाज, महाराज सिंह डेढा, प्रेम प्रकाश सोनी, एसआई विशन कुमार पर आपराधिक मुकदमा दर्ज करने का निर्देश देने की मांग की गई है।
गौरतलब है कि तीस हजारी अदालत में सुरक्षा की धज्जियां पिछले काफी समय से उड़ाई जा रही हैं। इसके अलावा कुछ समय पहले एक नाबालिग ने एक गैंगस्टर को गोली मार दी थी। इसके अलावा कोर्ट बिल्डिंग के अंदर एक शख्स ने चाकू मारकर अपनी पत्नी व बेटे को घायल कर दिया था।