फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Delhi ›   Delhi NCR News ›   Finance department also ordered to stop salary of 437 experts in Delhi

Delhi: वित्त विभाग ने भी 437 विशेषज्ञों का वेतन रोकने का दिया आदेश; कांग्रेस ने मामले की जांच की मांग की

Thu, 06 Jul 2023 10:38 PM IST
आकाश दुबे अमर उजाला ब्यूरो, नई दिल्ली
अमर उजाला ब्यूरो, नई दिल्ली Published by: आकाश दुबे Updated Thu, 06 Jul 2023 10:38 PM IST
सार

उपराज्यपाल वीके सक्सेना ने बिना स्वीकृति के रखे गए दिल्ली सरकार में सलाहकार, परामर्शदाता, सीनियर रिसर्च फैलो, विशेषज्ञ व अन्य पदों पर काम कर रहे 437 लोगों को पदों से हटा दिया था। इनकी नियुक्ति रोके जाने के बाद वित्त विभाग ने तुरंत वेतन को रोकने का आदेश दिया है।

विज्ञापन
Finance department also ordered to stop salary of 437 experts in Delhi
एलजी वीके सक्सेना और सीएम अरविंद केजरीवाल - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

दिल्ली सरकार के वित्त विभाग ने विभिन्न विभागों व अन्य संस्थाओं में काम कर रहे 437 विशेषज्ञों के वेतन को रोकने का आदेश जारी किया है। एक दिन पहले ही सेवा विभाग ने इनके वेतन को रोकने का आदेश दिया था। 

विज्ञापन


इससे पहले उपराज्यपाल वीके सक्सेना ने बिना स्वीकृति के रखे गए दिल्ली सरकार में सलाहकार, परामर्शदाता, सीनियर रिसर्च फैलो, विशेषज्ञ व अन्य पदों पर काम कर रहे 437 लोगों को पदों से हटा दिया था। इनकी नियुक्ति रोके जाने के बाद वित्त विभाग ने तुरंत वेतन को रोकने का आदेश दिया है। हालांकि, इसमें कहा गया है कि यदि कोई प्रशासनिक विभाग इन्हें जारी रखना चाहता है तो तुरंत नियम के तहत उपराज्यपाल को आवेदन देकर मंजूरी ले सकता है।

विज्ञापन

दिल्ली सरकार में अवैध नियुक्तियों की जांच हो: कांग्रेस
प्रदेश कांग्रेस ने दिल्ली सरकार की ओर से संवैधानिक प्रावधानों का उल्लंघन कर विभिन्न विभागों में आम आदमी पार्टी से जुड़े 437 लोगों की उच्च वेतन पर अवैध नियुक्तियों की जांच की मांग की है। इतना ही नहीं, कांग्रेस ने इन लोगों को दिए गए वेतन की आम आदमी पार्टी और संबंधित अधिकारियों से वसूल करने पर जोर दिया।

प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष चौ. अनिल कुमार ने दिल्ली सरकार में संवैधानिक प्रावधानों का उल्लंघन करके 437 आम आदमी पार्टी के समर्थकों को अप्रत्याशित वेतन के साथ भर्ती करने के मामले में उपराज्यपाल को पत्र लिखकर अपराधिक मुकदमा दर्ज करके जांच करने की मांग की, क्योंकि मुख्यमंत्री अरविन्द केजरीवाल ने दिल्ली सरकार में अपनी पार्टी के कार्यकर्ताओं की मनमाने ढंग से नियुक्ति करके दिल्ली के युवाओं के साथ विश्वासघात किया है। उन्होंने पार्टी समर्थकों को प्रतिमाह अधिकतम 2.65 लाख और न्यूनतम 60 हजार रुपये वेतन पर आसीन करके अपराधिक काम किया है। उन्होंने कहा कि आम आदमी पार्टी की दिल्ली में सरकार से पहले दिल्ली में कांग्रेस और भाजपा की सरकारों ने कभी भी अपने पद और पार्टी की आकांक्षाओं की पूर्ति के लिए अवैध नियुक्तियां नहीं की।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed