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किसानों को सरसों की पलेव के लिए नहीं मिल रही पर्याप्त बिजली
ब्यूरो/अमर उजाला, गुड़गांव
Updated Sun, 16 Oct 2016 12:06 AM IST
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- फोटो : Demo Pic
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बिजली कटों से परेशन किसानों ने पलेव के लिए पर्याप्त बिजली नहीं मिलने की शिकायत मुयमंत्री से पत्र भेजकर की है। नगीना खण्ड़ के किसान तेजपाल, सोहराब, उार ने बताया कि माण्डीखेड़ा, शीशवाना, जाटका, सांठावाड़ी, जलालपुर गांवों में आठ से दस घंटे ही बिजली मिलती है।
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जिससे भूमि का पलेव अगली फसल बोने के लिए ठीक से नहीं हो पा रहा है। लोगों की मांग है कि बिजली निगम पर्याप्त बिजली दे। एसड़ीओ राजकुमार ने बताया कि शेड़यूल के हिसाब से नगीना ड़ीवीजन में आपूर्ति की जा रही है।
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2. फसल नुकसान की भरपाई की अदायगी नहीं हुई
गिरदावरी के बावजूद भी किसानों के कपास बाजरा की खेती में हुए नुक्सान की भरपाई अभी तक कृषि विभाग की तरफ से नहीं की गई है। जिससे वह नाराज है। किसानों का आरोप है कि किसान क्रेड़िट कार्ड़ से फसल बीमा के पैसे बैंक ने काट लिए है।
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लेकिन अभी तक वैरीफिकेशन के लिए कोई नहीं पहुंचा है। किसान यूनियन के प्रधान तेजपाल जाटका ने बताया कि अभी तक किसानों को नुक्सान की भरपाई नहीं हुई है। उच्च अधिकारियों को कई बार लिखा जा चुका है।
3.डिपोधारक की खाद्य निरीक्षक ने की जांच
बीपीएल व एपीएल परिवारों को खाद्य सामग्री नहीं मिलने की जांच शनिवार को खाद्य निरीक्षक ने गांव ढ़ाढ़ोली कलां में की। जांच में पाया गया कि खानपुर घाटी का ड़िपो धारक ढ़ाड़ढोली कलां के गरीब परिवारों के राशन को प्रत्येक महिना ड़कार रहा है।
यह भी जांच में पाया गया है कि जो खाद्य सामग्री सरकार की तरफ से गांव के लिए भेजी जाती है उसे वितरण करने की बजाए ड़िपोधारक बैच देता है। गरीबों द्वारा लगाए गए आरोपों की जांच निरीक्षक ने सही पाई है।
ढाड़ोलीकलां के सरपंच संजय कुमार, रूजदार, उस्मान, अकबरी, अजीज, फूलवती, ईदरीश आदि ने बताया कि तीन से चार महिने में एक बार ड़िपो हॉल्डर राशन बांटता है और फिर भी कुछ लोगों को जानबूझकर नहीं देता।
सीएम विंडो में दी गई शिकायत में ग्रामीणों ने बताया कि डिपो होल्डर ने आगे से राशन देने के लिए साफ मना कर दिया है। वह बत्तमीजी से पेश आता है साथ ही भेदभाव भी करता है जिससे हम परेशान कहमने ड़ीसी, सीएम विन्ड़ो में शिकायत दी थी जिसकी जांच आज खाद्य विभाग के अधिकारी ने गांव में आकर की है। अधिकारी की जांच से हम संतुष्ट है। ग्रामीणों ने जांच अधिकारी और उपायुक्त से ड़िपोधारक का लाईसेंस रद्द करने तथा एफआईआर दर्ज करने की मांग की है।
जांच के दौरान ग्रामीण शहीद, सुनिता, इलियास, दीनू, जैकम, साबिर, फरीदा, जुहरखां, रूपचन्द, लालचन्द, असमीना, जमीला, अतर सिंह, हारून पूर्व सरपंच ढाढ़ोली भी मौजूद रहे।