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Faridabad News: प्रोफेसर चुनाव में, सेमेस्टर परीक्षा की तारीख जारी
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- पिछले 15 दिनों से महाविद्यालयों में पाठ्यक्रम हो रहा प्रभावित
संवाद न्यूज एजेंसी
फरीदाबाद। जिले के सरकारी, गैर सरकारी महाविद्यालयों के करीब 85 फीसदी कर्मचारी व प्रोफेसर चुनाव ड्यूटी पर तैनात हैं। इससे महाविद्यालय में पिछले 15 दिनों से प्रशासनिक सहित शैक्षणिक काम प्रभावित हो रही है। उच्च शिक्षा निदेशालय की ओर से 23 नवंबर से सेमेस्टर परीक्षा की तारीख जारी कर दी गई है। इसकी वजह से पहले से पांचवें सेमेस्टर के विद्यार्थी परीक्षा की तैयारी को लेकर असमंजस में हैं। उधर, महाविद्यालय के प्राचार्य ने परीक्षा की तारीख बढ़ाने की मांग की है।
विधानसभा चुनाव शनिवार यानी पांच अक्तूबर को आयोजित हो रहे हैं। इसे लेकर जिले के सरकारी और गैर सरकारी महाविद्यालयों में तैनात करीब 85 फीसदी प्रोफेसर व कर्मचारियों की ड्यूटी 15 दिन पहले से लगा दी गई है। इसके कारण विद्यार्थियों का पाठ्यक्रम पूरा नहीं हो सका है। इसके साथ ही महाविद्यालय की ओर से अभी तक दाखिले लेने वाले विद्यार्थियों का रिकार्ड भी मुख्यालय नहीं भेजा गया है। जबकि इसे 30 सितंबर तक मुख्यालय भेजना की अंतिम तारीख निर्धारित की गई थी। अंतिम तारीख समाप्त होने के बावजूद भी अधिकतर महाविद्यालय की ओर से प्रथम सत्र में दाखिला लेने वाले विद्यार्थियों का पंजीकरण नहीं भेजा गया है। आरोप है कि रिकार्ड तैयार करने वाले महाविद्यालय के कर्मचारियों की ड्यूटी चुनाव में लगा दी गई है। ऐसे में रिकार्ड तैयार करना किसी चुनौती से कम नहीं है।
वहीं, नई शिक्षा नीति को लेकर पाठ्यक्रम में भी बदलाव किया गया है। जिससे विषय की सूची भी अभी तक तैयार नहीं हो सकी है। विद्यार्थियों का पाठ्यक्रम अभी तक पूरा नहीं हो सका है, ऐसे में सेमेस्टर की परीक्षा आयोजित कराना विद्यार्थियों के साथ नाइंसाफी होगी है। बताया जा रहा है कि जिले के कुछ महाविद्यालयों के प्राचार्य ने परीक्षा की तारीख बढ़ाने की मांग की है। जिससे विद्यार्थियों का चुनाव के बाद कुछ पाठ्यक्रम को पूरा किया जा सके।
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वर्जन
चुनाव के कारण महाविद्यालय में 80 फीसदी से अधिक प्रोफेसर व कर्मचारी चुनाव ड्यूटी पर है। ऐसे में पाठ्यक्रम के साथ महाविद्यालय का कामकाज भी प्रभावित हो रहा है। इस बीच सेमेस्टर परीक्षा की तारीख घोषित कर दी गई है। ऐसे में निदेशालय से परीक्षा की तारीख बढ़ाने की मांग की गई है।
- डॉ. संजीव अग्रवाल, प्राचार्य अग्रवाल महाविद्यालय
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संवाद न्यूज एजेंसी
फरीदाबाद। जिले के सरकारी, गैर सरकारी महाविद्यालयों के करीब 85 फीसदी कर्मचारी व प्रोफेसर चुनाव ड्यूटी पर तैनात हैं। इससे महाविद्यालय में पिछले 15 दिनों से प्रशासनिक सहित शैक्षणिक काम प्रभावित हो रही है। उच्च शिक्षा निदेशालय की ओर से 23 नवंबर से सेमेस्टर परीक्षा की तारीख जारी कर दी गई है। इसकी वजह से पहले से पांचवें सेमेस्टर के विद्यार्थी परीक्षा की तैयारी को लेकर असमंजस में हैं। उधर, महाविद्यालय के प्राचार्य ने परीक्षा की तारीख बढ़ाने की मांग की है।
विधानसभा चुनाव शनिवार यानी पांच अक्तूबर को आयोजित हो रहे हैं। इसे लेकर जिले के सरकारी और गैर सरकारी महाविद्यालयों में तैनात करीब 85 फीसदी प्रोफेसर व कर्मचारियों की ड्यूटी 15 दिन पहले से लगा दी गई है। इसके कारण विद्यार्थियों का पाठ्यक्रम पूरा नहीं हो सका है। इसके साथ ही महाविद्यालय की ओर से अभी तक दाखिले लेने वाले विद्यार्थियों का रिकार्ड भी मुख्यालय नहीं भेजा गया है। जबकि इसे 30 सितंबर तक मुख्यालय भेजना की अंतिम तारीख निर्धारित की गई थी। अंतिम तारीख समाप्त होने के बावजूद भी अधिकतर महाविद्यालय की ओर से प्रथम सत्र में दाखिला लेने वाले विद्यार्थियों का पंजीकरण नहीं भेजा गया है। आरोप है कि रिकार्ड तैयार करने वाले महाविद्यालय के कर्मचारियों की ड्यूटी चुनाव में लगा दी गई है। ऐसे में रिकार्ड तैयार करना किसी चुनौती से कम नहीं है।
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वहीं, नई शिक्षा नीति को लेकर पाठ्यक्रम में भी बदलाव किया गया है। जिससे विषय की सूची भी अभी तक तैयार नहीं हो सकी है। विद्यार्थियों का पाठ्यक्रम अभी तक पूरा नहीं हो सका है, ऐसे में सेमेस्टर की परीक्षा आयोजित कराना विद्यार्थियों के साथ नाइंसाफी होगी है। बताया जा रहा है कि जिले के कुछ महाविद्यालयों के प्राचार्य ने परीक्षा की तारीख बढ़ाने की मांग की है। जिससे विद्यार्थियों का चुनाव के बाद कुछ पाठ्यक्रम को पूरा किया जा सके।
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चुनाव के कारण महाविद्यालय में 80 फीसदी से अधिक प्रोफेसर व कर्मचारी चुनाव ड्यूटी पर है। ऐसे में पाठ्यक्रम के साथ महाविद्यालय का कामकाज भी प्रभावित हो रहा है। इस बीच सेमेस्टर परीक्षा की तारीख घोषित कर दी गई है। ऐसे में निदेशालय से परीक्षा की तारीख बढ़ाने की मांग की गई है।
- डॉ. संजीव अग्रवाल, प्राचार्य अग्रवाल महाविद्यालय