कैदी की सुरक्षा में तैनात पुलिसकर्मी की मौत,मछली पालन की हौद में मिला शव
- बीके सिविल अस्पताल की पुरानी बिल्डिंग के पीछे बनी हौद में मिला शव
- सादी वर्दी में अस्पताल में घूमता देखा गया था पुलिस कर्मी
विस्तार
बीके सिविल अस्पताल में इलाज करा रहे कैदी की सुरक्षा में लगे ईएएसआई रणसिंह का शव बुधवार शाम अस्पताल की पुरानी बिल्डिंग परिसर स्थित गंबूजिया मछली पालन की हौद में पड़ा मिला। मौके पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमॉर्टम के लिए भिजवाया। रणसिंह की मौत कैसे हुई इस बारे में पुलिस इसकी तफ्तीश में जुटी है।
डिप्टी सीएमओ डॉ. रामभगत ने बताया कि बुधवार करीब साढ़े चार बजे अस्पताल के चौकीदार ने बताया कि गंबूजिया मछली पालने वाली हौद में किसी व्यक्ति का शव उतरा रहा है। उन्होंने पुलिस को सूचना दी। पुलिस ने शव बाहर निकलवा कर कपड़ों की तलाशी ली तो जेब से पुलिस विभाग की ओर से जारी आईकार्ड मिला, जिससे मृतक की पहचान ईएएसआई रणसिंह के रूप में हुई।
तीन नंबर चौकी इंचार्ज सतबीर सिंह ने बताया कि रणसिंह सिक्योरिटी गार्द में तैनात था। 4 मई को जेल से हरजीत नाम के बंदी को इलाज के लिए अस्पताल भेजा गया था। उसकी सुरक्षा में रण सिंह के अलावा एएसआई प्रहलाद, हेडकांस्टेबल मंगूराम, नरेंद्र कुमार और सिपाही ललित कुमार को तैनात किया गया था।
पांचों शिफ्टवार ड्यूटी देते थे। हेडकांस्टेबल मंगूराम के मुताबिक मंगूराम को बुधवार सुबह और दोपहर को अस्पताल परिसर में देखा गया था तब भी वह वर्दी में नहीं था। शाम को उसका शव मिलने की सूचना मिली। चौकी इंचार्ज सतबीर सिंह ने बताया कि रणसिंह मूल रूप से गढ़ी मुरली गुडग़ांव का रहने वाला था उसके परिजनों की शिकायत के आधार पर ही केस दर्ज कर कार्रवाई की जाएगी।
पुलिस को तलाशने होंगे कई जवाब
रणसिंह की मौत संदिग्ध हालात में हुई है, जिस हौद में उसका शव उतराता मिला उसमें सिर्फ तीन से साढ़े तीन फिट ही पानी भरा था, ऐसे में किसी जिंदा व्यक्ति का उसमें डूब कर मरना लगभग असंभव है। सवाल यह भी है कि रणसिंह हौद तक पहुंचा कैसे? हौद सार्वजनिक रास्ते से दूर बनाई गई है ताकि वहां आम आदमी नहीं पहुंच सके।
रणवीर सिंह की पैंट की चेन भी बंद है ऐसे में यह भी नहीं कहा जा सकता कि वह पेशाब करने के लिए उधर गया था। मृतक के शरीर पर कोई चोट के भी निशान नहीं हैं हालांकि चेहरे पर नीलापन आ गया था। क्या रणसिंह ने कोई जहरीला पदार्थ निगला था? रणसिंह की जेब से उसका पर्स और आईकार्ड ही बरामद हुआ, उसका मोबाइल और अन्य सामान कहां हैं पुलिस को ढूंढना होगा। फिलहाल यह तो तय है कि रणसिंह की मौत सामान्य नही है।