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बेटे को परेशान करने पर दो साल पहले की थी शिकायत
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फरीदाबाद। ग्रेटर फरीदाबाद स्थित डिस्कवरी सोसाइटी निवासी छात्र के आत्महत्या के मामले में बाल कल्याण समिति ने मां का बयान लिया है। उन्होंने ने बताया कि बेटे को स्कूल में कई साल से परेशान किया जा रहा था। करीब दो साल पहले इसकी शिकायत स्कूल प्रबंधन से की थी, लेकिन आरोप है कि प्रबंधन ने ध्यान नहीं दिया। नतीजन बेटे ने आत्महत्या कर ली। समिति के अधिकारियों ने उनसे कई अहम सबूत, जैसे वीडियो, फोटो व नोट्स लिए हैं। समिति का कहना है कि स्कूल प्रबंधन के खिलाफ कार्रवाई भी हो सकती है। तीन चार दिन बाद फिर बयान दर्ज लिए जाएंगे।
बाल कल्याण समिति के अध्यक्ष अधिवक्ता श्रीपाल करहाना ने बताया कि बृहस्पतिवार को समिति की टीम महिला का बयान लेने पहुंची थी। हालांकि पहले तो कुछ बताने से कतराती रही, लेकिन कई प्रकार के आश्वासन के बाद कई अहम जानकारी दी। मौखिक रूप से भी प्रबंधन को जानकारी दी गई, लेकिन कुछ नहीं किया गया। इस लापरवाही से उसकी दुनियां ही उजड़ गई। अधिकारियों के अनुसार छात्र की मां से एक घंटे से अधिक समय तक पूछताछ की गई। अधिकारियों का कहना है कि महिला अभी मानसिक तनाव में है।
सहपाठियों से अभी नहीं होगी पूछताछ
बाल कल्याण समिति के अधिकारियों का कहना है कि छात्र के सहपाठियों से अभी पूछताछ नहीं होगी। उसने अपने सुसाइड नोट व डायरी आदि में करीब 14 छात्र-छात्राओं आदि के नाम अंकित किए हैं। सभी पर परेशान करने का आरोप है। अधिकारियों का कहना है कि फिलहाल सारे नोट्स को जांच के लिए फॉरेंसिक लैब भेजे गए हैं। वहां से लेखन मिलान आदि रिपोर्ट आने के बाद ही आगे की कार्रवाई की जाएगी। अधिकारियों का कहना है कि रिपोर्ट से यह सुनिश्चित हो जाएगा कि सारे नोट्स मृत छात्र ने ही लिखे हैं या लिखावट किसी और की है। सारी सच्चाई सामने आने के बाद नोट्स में अंकित छात्रों आदि से पूछताछ की जाएगी।
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मां की होगी काउंसिलिंग
सूत्रों के अनुसार छात्र की मां पुलिस को बयान देने से बच रही है। बृहस्पतिवार को बाल कल्याण समिति से पहले पुलिस की टीम भी महिला से बयान दर्ज करने पहुंची थी, लेकिन उसने मानसिक तनाव का हवाला देकर पुलिस को बयान नहीं दी। बाल कल्याण समिति की टीम ने पीड़िता का काउंसिलिंग किया। उन्हें समझाया गया, फिर बयान दर्ज किया गया। अधिकारियों का कहना है कि महिला की काउंसिलिंग किया जा रहा है।
क्या है मामला-
डिस्कवरी सोसायटी की 17वीं मंजिल से दसवीं के छात्र ने कुछ दिन पहले छलांग लगाकर जान दे दी। छात्र ने एक सुसाइड नोट भी छोड़ा था, जिसमें उसने स्कूल प्रबंधन पर परेशान करने के आरोप और अपनी मौत का जिम्मेदार ठहराया था। पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है। मृतक छात्र 16 वर्षीय गौरव (बदला हुआ नाम ) सोसायटी में मां के साथ रहता था। डीपीएस ग्रेटर फरीदाबाद का छात्र था। मां इसी स्कूल में अध्यापिका है। --
दुर्गेश--
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बाल कल्याण समिति के अध्यक्ष अधिवक्ता श्रीपाल करहाना ने बताया कि बृहस्पतिवार को समिति की टीम महिला का बयान लेने पहुंची थी। हालांकि पहले तो कुछ बताने से कतराती रही, लेकिन कई प्रकार के आश्वासन के बाद कई अहम जानकारी दी। मौखिक रूप से भी प्रबंधन को जानकारी दी गई, लेकिन कुछ नहीं किया गया। इस लापरवाही से उसकी दुनियां ही उजड़ गई। अधिकारियों के अनुसार छात्र की मां से एक घंटे से अधिक समय तक पूछताछ की गई। अधिकारियों का कहना है कि महिला अभी मानसिक तनाव में है।
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सहपाठियों से अभी नहीं होगी पूछताछ
बाल कल्याण समिति के अधिकारियों का कहना है कि छात्र के सहपाठियों से अभी पूछताछ नहीं होगी। उसने अपने सुसाइड नोट व डायरी आदि में करीब 14 छात्र-छात्राओं आदि के नाम अंकित किए हैं। सभी पर परेशान करने का आरोप है। अधिकारियों का कहना है कि फिलहाल सारे नोट्स को जांच के लिए फॉरेंसिक लैब भेजे गए हैं। वहां से लेखन मिलान आदि रिपोर्ट आने के बाद ही आगे की कार्रवाई की जाएगी। अधिकारियों का कहना है कि रिपोर्ट से यह सुनिश्चित हो जाएगा कि सारे नोट्स मृत छात्र ने ही लिखे हैं या लिखावट किसी और की है। सारी सच्चाई सामने आने के बाद नोट्स में अंकित छात्रों आदि से पूछताछ की जाएगी।
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मां की होगी काउंसिलिंग
सूत्रों के अनुसार छात्र की मां पुलिस को बयान देने से बच रही है। बृहस्पतिवार को बाल कल्याण समिति से पहले पुलिस की टीम भी महिला से बयान दर्ज करने पहुंची थी, लेकिन उसने मानसिक तनाव का हवाला देकर पुलिस को बयान नहीं दी। बाल कल्याण समिति की टीम ने पीड़िता का काउंसिलिंग किया। उन्हें समझाया गया, फिर बयान दर्ज किया गया। अधिकारियों का कहना है कि महिला की काउंसिलिंग किया जा रहा है।
क्या है मामला-
डिस्कवरी सोसायटी की 17वीं मंजिल से दसवीं के छात्र ने कुछ दिन पहले छलांग लगाकर जान दे दी। छात्र ने एक सुसाइड नोट भी छोड़ा था, जिसमें उसने स्कूल प्रबंधन पर परेशान करने के आरोप और अपनी मौत का जिम्मेदार ठहराया था। पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है। मृतक छात्र 16 वर्षीय गौरव (बदला हुआ नाम ) सोसायटी में मां के साथ रहता था। डीपीएस ग्रेटर फरीदाबाद का छात्र था। मां इसी स्कूल में अध्यापिका है। --
दुर्गेश--