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....तो सिंधिया-पटोले की सिफारिश पर मिला अवतार को टिकट!
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....तो सिंधिया-पटोले की सिफारिश पर मिला अवतार को टिकट!
फरीदाबाद। एक सप्ताह के बाद कांग्रेस मुख्यालय से ललित नागर का टिकट ऐसे ही नहीं बदला गया, बल्कि इसके लिए दो बड़े नेताओं ज्योतिरादित्य सिंधिया और नाना पटोले ने अवतार को टिकट दिए जाने की जमकर सिफारिश की थी। 13 अप्रैल को ललित के नाम टिकट की घोषणा होने के साथ ही अवतार लगातार इन दोनों नेताओं के संपर्क में थे।
पार्टी सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, भाजपा के मीरापुर (यूपी) विधायक अवतार सिंह भड़ाना को कांग्रेस में घर वापसी में ज्योतिरादित्य सिंधिया और महाराष्ट्र के वरिष्ठ नेता नाना पटोले ने ही महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी। सूत्र बताते हैं कि उसी समय अवतार को टिकट दिलाने का वादा किया गया था। यही कारण था कि पहले ही दिन से अवतार भड़ाना अपने टिकट के प्रति आश्वस्त थे। यहां तक कि ललित को टिकट जारी होने के बावजूद अवतार ने कोई बयानबाजी नहीं की। हालांकि, इसके बाद से ही वह कांग्रेस मुख्यालय में जम गए थे और लगातार अपने आकाओं के संपर्क में थे। यही कारण रहा कि एक सप्ताह के बाद आखिर ललित का टिकट काटकर पार्टी हाईकमान ने अवतार भड़ाना को दे दिया।
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फरीदाबाद। एक सप्ताह के बाद कांग्रेस मुख्यालय से ललित नागर का टिकट ऐसे ही नहीं बदला गया, बल्कि इसके लिए दो बड़े नेताओं ज्योतिरादित्य सिंधिया और नाना पटोले ने अवतार को टिकट दिए जाने की जमकर सिफारिश की थी। 13 अप्रैल को ललित के नाम टिकट की घोषणा होने के साथ ही अवतार लगातार इन दोनों नेताओं के संपर्क में थे।
पार्टी सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, भाजपा के मीरापुर (यूपी) विधायक अवतार सिंह भड़ाना को कांग्रेस में घर वापसी में ज्योतिरादित्य सिंधिया और महाराष्ट्र के वरिष्ठ नेता नाना पटोले ने ही महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी। सूत्र बताते हैं कि उसी समय अवतार को टिकट दिलाने का वादा किया गया था। यही कारण था कि पहले ही दिन से अवतार भड़ाना अपने टिकट के प्रति आश्वस्त थे। यहां तक कि ललित को टिकट जारी होने के बावजूद अवतार ने कोई बयानबाजी नहीं की। हालांकि, इसके बाद से ही वह कांग्रेस मुख्यालय में जम गए थे और लगातार अपने आकाओं के संपर्क में थे। यही कारण रहा कि एक सप्ताह के बाद आखिर ललित का टिकट काटकर पार्टी हाईकमान ने अवतार भड़ाना को दे दिया।
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