कई खूबियों से लैस फरीदाबाद मेट्रो कल से दौड़ेगी, PM करेंगे उद्घाटन
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रविवार को शुरू होने जा रही फरीदाबाद मेट्रो यात्रियों को सुविधाजनक सफर के साथ कम समय में गंतव्य तक पहुंचाएगी। वहीं, फरीदाबाद कॉरिडोर की मेक इन इंडिया मेट्रो ट्रेन बिजली की बचत भी करेगी।
क्योंकि इस लाइन पर भारतीय कंपनी द्वारा बंगलूरू में तैयार छह ट्रेन ऐसी उतारी जा रही है, जिसमें एक सेंसर लगा है, जो कि दिन में ऐलिवेटिड ट्रैक पर आते ही ट्रेन कोच की लाइट अपने आप बंद कर देगा।
खास बात यह है कि इस ट्रैक पर एमरजेंसी में यात्रियों की सुरक्षा भी रहेगी, क्योंकि पहली बार एमरजेंसी पैदल ट्रैक साइड में नहीं, बल्कि दोनों ट्रैक के बीच में हैं। जिससे तारों आदि का खतरा नहीं रहेगा।
इमरजेंसी में पटरियों के बीच के रास्ते से सेफ निकलेंगे यात्री
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के फरीदाबाद कॉरिडोर के उद्घाटन के साथ ही छह सितंबर 2015 को शाम चार बजे के बाद फरीदाबाद दिल्ली के और अधिक करीब आ जाएगा।
आईटीओ से एस्कोर्ट मुजेसर की करीब 35 किलोमीटर और 28 स्टेशनों की दूरी मेट्रो से एक घंटे में पूरी होगी। जबकि पहले उन्हें आश्रम, मथुरा रोड पर ट्रैफिक जाम से जूझते हुए पीक आवर्स में करीब दो घंटे का समय लगता था। हालांकि बदरपुर से एस्कोर्ट मुजेसर की 14 किलोमीटर की दूरी महज 19 मिनट में पूरी हो जाएगी।
नोएडा, गाजियाबाद और दिल्ली को सीधे फरीदाबाद से जोड़ने वाली वायलेट लाइन दिल्ली मेट्रो की सबसे खास लाइन होगी, जो सीधे हरियाणा से उत्तर प्रदेश को कम समय में राजधानी से जोड़ेगी।
पहले यात्री सड़क मार्ग से ओखला होते हुए नोएडा, गाजियाबाद जाते थे लेकिन अब मेट्रो से सीधे मंडी हाउस इंटरचेंज में ब्लू लाइन पकड़कर वैशाली या नोएडा सिटी सेंटर की ट्रेन पकड़कर महज डेढ़ घंटे में 30 रुपये खर्च करके आराम से पहुंच जाएंगे।
पांच इंटरचेंज व पांच लाइनों का संगम होगा
कश्मीरी गेट से फरीदाबाद तक चलने वाली वायलेट लाइन तो एक होगी, लेकिन इस पर पांच इंटरचेंज और पांच ही लाइनों का संगम होगा। वायलेट लाइन के माध्यम से यात्री बॉटेनिकल गार्डन से जनकपुरी वेस्ट, शिव विहार से मुकुंदपुर, जहांगीरपुरी से हुड्डा सिटी सेंटर, नोएडा सिटी सेंटर/वैशाली से द्वारका सेक्टर 21 के अलावा दिलशाद गार्डन से रिठाला के बीच चलने वाली रेड लाइन से जुड़ पाएंगे।
हालांकि शुरुआत में उन्हें केंद्रीय सचिवालय और मंडी हाउस इंटरचेंज की सुविधा मिल जाएगी। केंद्रीय सचिवालय से यात्री येलो लाइन पकड़कर सीधे सफर आसान कर सकेंगे।
आईएसबीटी, रेलवे स्टेशन व एयरपोर्ट से जुड़ने का मौका
फरीदाबाद कॉरिडोर खुलने के साथ यात्रियों को आईएसबीटी आनंद विहार, कश्मीरी गेट व सराय काले खां के अलावा नई दिल्ली रेलवे स्टेशन, पुरानी दिल्ली रेलवे स्टेशन, आनंद विहार रेलवे स्टेशन और डोमेस्टिक और इंटरनेशनल एयरपोर्ट से भी जुड़ने का सीधा मौका मिलेगा।
कितना होगा टोकन का किराया
केंद्रीय सचिवालय--------एस्कोर्ट मुजेसर-------------27
राजीव चौक-------------एस्कोर्ट मुजेसर-------------27
आईटीओ----------------एस्कोर्ट मुजेसर------------28
मंडी हाउस--------------एस्कोर्ट मुजेसर-------------28
कश्मीरी गेट-------------एस्कोर्ट मुजेसर-------------28
विश्वविद्यालय------------एस्कोर्ट मुजेसर-------------29
कीर्ति नगर-------------एस्कोर्ट मुजेसर-------------29
नोएडा सिटी सेंटर-------एस्कोर्ट मुजेसर-------------30
वैशाली-----------------एस्कोर्ट मुजेसर-------------30
द्वारका सेक्टर 21-------एस्कोर्ट मुजेसर-------------30
दिलशाद गार्डन----------एस्कोर्ट मुजेसर-------------30
जहांगीरपुरी-------------एस्कोर्ट मुजेसर--------------30
गुड़गांव-----------------एस्कोर्ट मुजेसर-------------30
नोट: बदरपुर से एस्कॉर्ट मुजेसर तक के नौ स्टेशनों के बीच किराया 7 से 14 रुपये तक रखा गया है।
टोकन का किराया निर्धारित, कार्ड पर मिलेगी छूट
स्टेशन की लंबाई व चौड़ाई बढ़ी
आमतौर पर अभी तक दिल्ली मेट्रो के स्टेशन 140 मीटर तक होते हैं, लेकिन इस कॉरिडोर पर दो सौ मीटर के स्टेशन हैं। जबकि चौड़ाई आम तौर पर 20 मीटर की होती है, लेकिन यहां 40 मीटर की रखी गई है। प्रगति मैदान में स्टेशन से कूदकर छात्रा के आत्महत्या के मामले के बाद इस रूट पर सभी स्टेशन पर दीवारों की ऊंचाई छह मीटर तक कर दी गई है।