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आपसी भाईचारे की मिसाल, हिंदुओं ने मुस्लिमों को घर जाकर दी ईद की बधाई
ब्यूरो/अमर उजाला, गुड़गांव
Updated Thu, 07 Jul 2016 11:59 PM IST
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ईद
- फोटो : अमर उजाला
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हर वर्ष की तरह इस बार भी ईद-उल-फितर का त्योहार मेवात में हर्षोल्लास के साथ मनाया गया। लोगों ने अलग-अलग स्थानों पर अल्लाह के सामने सिर झुकाकर आपसी भाईचारे, प्रेम, तरक्की के लिए दुआ मांगी। लोगों के साथ-साथ बच्चों में ईद को लेकर अलग ही उत्साह देखने को मिला।
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मेवात का भाईचारा मिसाल है। जिसकी बानगी एक बार फिर देखने को मिली जब हिंदुओं ने मुसलमानों के घर जाकर उन्हें ईद की बधाई दी और उनके घर पर बनी खीर व सेवईयां प्रेमपूर्वक खाई। मुसलमानों ने भी इस प्यार को बडे जोश के साथ गले लगकर स्वीकार किया।
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नूंह जिला मुख्यालय स्थित बड़ी मस्जिद में मुफ्ती जाहिद हुसैन, वाईएमडी कॉलेज के पीछे ईदगाह में मौलाना खालिद तथा बालाजी पेट्रोल पंप के सामने स्थित मदरसे में मौलाना खालिद ने ईद की नमाज अदा करवाई। मुफ्ती जाहिद हुसैन ने नमाजियों से कहा कि उन्होंने एक माह में जो अच्छे कर्म करने, बुराईयों से बचने की आदत बनाई है, इसे दूसरे मुसलमानों में भी डालें और इस आदत को बरकरार रखें। ताकि अमन और भाईचारे का माहौल हमेशा कायम रहे।
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फिरोजपुर झिरका में तिजारा रोड एवं मदापुर रोड स्थित ईदगाह में गावों से आए नमाजियों ने ईद की नमाज अदा की। ईद की नमाज के दौरान देश की खुशहाली, अमन एवं तरक्की की दुआ मांगी। शहरों की ईदगाहों में ईद की नमाज अदा करने के लिए सुबह से ही गांवों से लोग ट्रकों, ट्रैक्टरों, गाड़ियों में भरकर नए कपडे़ पहनकर ईदगाह में पहुंचने लगे। तिजारा रोड वाली ईदगाह में जुमा मस्जिद के मुफ्ती इस्लामुदीन और मदापुर रोड वाली ईदगाह में कामेड़ा मदरसा के मुफ्ती जुबेर ने ईद की नमाज अदा करवाई।
तावडू में हौद वाली मस्जिद में मुफ्ती हासम ने नमाज अदा कराई। नमाजियों की भीड़ के चलते हौद वाली मस्जिद खचाखच भर गई। जिसकी वजह से लोगों को छतों व सड़क पर नमाज अदा करनी पड़ी। ईद की नमाज पढ़ने से पहले फितरा देना फर्ज है। फितरा गरीबों को दिया जाता है। ताकि वह भी अपनी ईद खुशी से मना सकें। ईद के पर्व पर मीठी सेवईयां व खीर बनाई जाती है। इस दिन ईदी देने की भी परंपरा है।
पुन्हाना में ईदगाह में मोलवी सईद, अड्डा वाली जामा मस्जिद में मोलवी यूनुस और मरकज में मुफ्ती सनाउल्लाह ने नमाज अदा कराई। इसके अलावा सिंगार, पिनगवां, शाहचौखा, जमालगढ, शिकरावा, बिछौर आदि बडे़ गांवों में भी ईद की नमाज गांव की ईदगाह में अदा की गई। सोशल साइट पर ईद: ईद की बधाई को लेकर लोगों ने सोशल साइट को मुख्य जरिया बनाया। रात 12 बजे से ही एक दूसरे को बधाई संदेश भेजने में लोग व्यस्त हो गए।