फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Delhi ›   Delhi NCR News ›   Elevators rules change

लिफ्ट का करते हैं प्रयोग, तो पढ़ें ये खबर

Tue, 24 Mar 2015 01:29 PM IST
Updated Tue, 24 Mar 2015 01:29 PM IST
विज्ञापन
Elevators rules change

आए दिन लिफ्ट फंसने और गिरने की घटनाओं के चलते अब नियम कड़े कर दिए गए हैं। महाराष्ट्र के पीडब्ल्यूडी मिनिस्टर चंद्रकांत पाटिल ने पिछले सप्ताह नए नियमों को मंजूरी प्रदान कर दी। इसके साथ ही लिफ्ट के नए नियम यूपी में भी लागू हो जाएंगे। सूबे में लिफ्ट के लिए महाराष्ट्र के बिल्डर रूल्स का ही पालन होता है।

विज्ञापन


ऊंचे भवनों पर आवागमन सुविधा के लिए लिफ्ट लगाई जाती हैं। चार मंजिल से ऊंचे भवनों पर लिफ्ट अनिवार्य हैं। लिफ्ट लगाने के लिए अलग से कोई नियम लागू नहीं किए गए हैं। सूबे में लिफ्ट को महाराष्ट्र के नियमों के आधार पर ही परखा जाता है। भवन बनाने वाले ठेकेदार और इनका रखरखाव करने वाली एजेंसियां कई बार लापरवाही कर जाती हैं।
विज्ञापन


लिफ्ट में अधोमानक सामान का प्रयोग किया जाता है और इनका नियमानुसार परीक्षण नहीं कराया जाता। ऐसे में अक्सर लिफ्ट गिरने और बीच में ही फंसने की घटनाएं सामने आती रहती हैं। कई बार लिफ्ट अचानक नीचे गिर पड़ती है तो कई बार यह बीच में ही फंस जाती है। लाइट चले जाने पर जनरेटर बैकअप मिलने तक लिफ्ट बीच में ही फंसी रहती हैं।

विज्ञापन
विज्ञापन

इस कारण हुआ ये बदलाव

Elevators rules change

रिपब्लिक क्रासिंग में लिफ्ट गिरने की एक साल में दो घटनाएं हो चुकी हैं। राजनगर एक्सटेंशन में पिछले दिनों लिफ्ट फंसने से बच्चे उसमें आधा घंटे तक बंद रहे थे। इससे कई बच्चों की हालत खराब हो गई थी। टीएचए में लिफ्ट गिरने-फंसने की दो साल में सात घटनाएं हो चुकी हैं।

यह है खराब होने का कारण-
पावर बैकअप की उचित व्यवस्था न होने, अनट्रेंड लिफ्ट आपरेटर रखने, लिफ्ट में लगा सामान अधोमानक होने और नियमानुसार परीक्षण-रखरखाव न होने से लिफ्ट के गिरने-फंसने की घटनाएं घटित होती हैं।

अब यह होगा सुधार-
लिफ्ट में सुधार के लिए अब कड़ी गाइडलाइन तैयार की गई हैं। महाराष्ट्र के पीडब्ल्यूडी मिनिस्टर चंद्रकांत पाटिल ने इनको स्वीकृति प्रदान कर दी है। नए नियमों को तत्काल लागू कर दिया गया है।

- नई लिफ्ट में शीशे के दरवाजे ही लगाए जाएंगे और पुरानी लिफ्ट के लोहे के दरवाजों को हटवाया जाएगा।
- लिफ्ट को बैट्री बैकअप देना अनिवार्य होगा, ऐसे में सप्लाई जाने पर लिफ्ट बीच में नहीं रुकेगी। वह वापस ग्राउंड तक आराम से आ सकेगी।
- लिफ्ट में तीव्र प्रकाश वाली लाइट और सीसीटीवी लगाने अनिवार्य होंगे।
- लिफ्ट का साल में दो बार परीक्षण कराकर रिपोर्ट जिला पीडब्ल्यूडी या अथारिटी में दोनी होगी।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed