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दिल्लीः एक ऐसा गांव जहां कचरे से भरी नाली पर खुलता है घरों का दरवाजा
टीम डिजिटल/अमर उजाला, नई दिल्ली
Updated Thu, 16 Jun 2016 05:34 PM IST
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तैमूर नगर
- फोटो : indian express
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दक्षिण दिल्ली के गुरूद्वारे वाली सड़क के बगल से गुजरती एक पतली सी गली तैमूर नगर की ओर जाती है। न्यू फ्रेंड्स कॉलोनी जैसे पॉश एरिया से सटा है गुर्जरों का ये गांव तैमूर नगर। इस गांव में एक खुली नाली बहती है जो पॉलिथीन, सब्जी के छिलकों और अन्य सभी तरह के कचरे से भरी रहती है।
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लेकिन ये नाली हमेशा से ऐसा नहीं था। 82 साल के हरिराम सिंह बताते हैं, एक वक्त था जब यहां खेत हुआ करते थे और यहां कुछ ही परिवार रहते थे। उस वक्त ये नाला साफ व सूखा हुआ करता था। इसमें पानी केवल बारिश के मौसम में भरता था वो भी गंदा नहीं होता था।
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यहां रहने वाले सिंह ने न सिर्फ यहां की छोटी सी आबादी को 10,000 में बदलते हुए देखा है, बल्कि उनके जीवन जीने के तौर तरीके में आए बदलाव को भी महसूस किया है। वक्त में आए परिवर्तन और लोगों के शिक्षित होने के बाद ज्यादातर लोग खेती छोड़कर निजी क्षेत्र में नौकरी की ओर बढ़ने लगे।
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नाली की हालत के बारे में बताते हुए हरिराम कहते हैं कि अब इसकी हालत बद से बद्तर हो चुकी है और ये उनके दरवाजे से होकर निकलती है। यमुना में गिरने से पहले यह नाली कई जगहों से कचरा बहाकर लाते हुए हमारे गांव तक पहुंचती है। यहां के लोग भी इसी नाले में कचरा फेंकते हैं।
यह नाली अब यहां रहने वालों के बीच में वर्ग विभाजन का एक प्रतीक बन गई है। नाली के एक ओर तीन से चार तल्लों में रहने वाले उच्च वर्ग के लोग हैं वहीं दूसरी ओर झुग्गी-झोपड़ियों में रहने वाले लोगों का समूह है। दिलचस्प है कि इन दोनों वर्गों को जोड़ने वाला एक संकरा पुल भी है, जो कचरे के ढ़ेर की वजह से दिखता भी नहीं है।
ये नाली यहां रहने वाले लोंगों के लिए चिंता का विषय बन चुकी है, क्योंकि ये मच्छरों और बीमारियों को बढ़ावा देता है। तैमूर नगर के निवासियों का कहना है कि यहां बच्चे अक्सर बीमार हो जाते हैं। बारिश के मौसम में पानी घरों में घुस आता है जिसकी बदबू बरदाश्त से बाहर हो जाती है।
लोगों का कहना है, कूड़ा इकट्ठा करने वाले यहां आते ही नहीं और कचरा फेंकने की जगह मुख्य रास्ते पर है जो काफी दूर है। इसलिए लोग नाले में ही कचरा डालते हैं।
ज़ाकिर नगर के सभासद, शोएब दानिश दावा करते हैं कि इसका दीर्घकालिक उपाय निकालने का काम किया जा रहा है। उन्होंने कहा, 'हमारी योजना है कि जल्द ही नाले के चारों ओर दीवार खड़ी कर दी जाए ताकि लोग इसमें कूड़ा ना फेंक सकें'।