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Delhi : सोनीपत में लिंक नहर टूटने से राजधानी में जलापूर्ति प्रभावित, 30 प्रतिशत इलाकों को नहीं मिला पानी
Mon, 09 Oct 2023 05:34 AM IST
दुष्यंत शर्मा
अमर उजाला नेटवर्क, नई दिल्ली
अमर उजाला नेटवर्क, नई दिल्ली
Published by: दुष्यंत शर्मा
Updated Mon, 09 Oct 2023 05:34 AM IST
सार
इस नहर से जुड़े दिल्ली जल बोर्ड के पांच संयंत्रों से पेयजल आपूर्ति नहीं हो हुई। इन संयंत्रों से राजधानी के करीब 30 प्रतिशत इलाकों में पेयजल आपूर्ति की जाती है।
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Delhi water crisis
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
हरियाणा के सोनीपत में लिंक नहर टूटने का असर रविवार को राजधानी में पेयजल आपूर्ति पर पड़ा। इस नहर से जुड़े दिल्ली जल बोर्ड के पांच संयंत्रों से पेयजल आपूर्ति नहीं हो हुई। इन संयंत्रों से राजधानी के करीब 30 प्रतिशत इलाकों में पेयजल आपूर्ति की जाती है। इस कारण इन इलाकों के निवासी रविवार को पेयजल से दो-चार हुई, दरअसल उन्हें टैंकरों के माध्यम से भी पर्याप्त पानी नहीं मिला।
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लिंक नहर से दिल्ली जल बोर्ड के हैदरपुर-एक, हैदरपुर-दो, नांगलोई, बवाना व द्वारका जल शोधक संयंत्र को कच्चा पानी उपलब्ध कराया जाता है। इन संयंत्रों से उत्तर पश्चिम, पश्चिम व दक्षिण पश्चिम दिल्ली के इलाकों में पेयजल आपूर्ति की जाती है। नहर टूटने के कारण इन संयंत्रों को कच्चा पानी मिलना बंद हो गया है और वे ठप हो गए है। इस कारण इन संयंत्रों से जुड़े इलाकों में रविवार को पेयजल आपूर्ति नहीं हो सकी। हालांकि, दिल्ली जल बोर्ड ने इन इलाकों के लोगों को पेयजल आपूर्ति नहीं आने के बारे में पहले ही सचेत कर दिया था। नांगलोई निवासी सुरेश शौकीन ने बताया कि उनके इलाके में सुबह पेयजल आपूर्ति है, लेकिन रविवार को पानी नहीं आया। इस कारण उनके साथ-साथ इलाके के निवासियों का घरेलू कार्य प्रभावित हुआ।
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जल बोर्ड ने अधिकारियों को सोनीपत भेजा :
दिल्ली जल बोर्ड ने लिंक नहर को जल्द से जल्द सही कराने के लिए अपने अधिकारियों की एक टीम को सोनीपत रवाना किया है। इस टीम में शामिल अधिकारी हरियाणा सिंचाई विभाग के अधिकारियों की नहर का जल्द सही कराने में मदद करेंगे। हालांकि वहां पर 24 घंटे नहर को सही करने का कार्य चल रहा है।
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इन इलाकों में पेयजल आपूर्ति नहीं हुई
रोहिणी के सभी सेक्टर, पीतमपुरा, बेगमपुर, बवाना, सुल्तानपुरी, मंगोलपुरी, पीरागढ़ी, नांगलोई, मुंडका, कमरूद्दीन नगर, निलोठी, रणहोला, बापरौला, नवादा, हस्तसाल, पश्चिम विहार, जनकपुरी, उत्तम नगर, द्वारका, ककरौला, मटियाला, नजफगढ़, छावला, ढांसा, पालम, डाबड़ी, सागरपुर, दिल्ली कैंट, तिलक नगर, विकासपुरी, हरीनगर, सुभाष नगर, राजौरी गार्डन, मादीपुर, पंजाबी बाग, शालीमार बाग, सरस्वती विहार, ज्वाला हेड़ी, रमेश नगर, बसईदारापुर, मोती नगर, कर्मपुरा, वजीरपुर, अशोक विहार आदि इलाकों में पेयजल आपूर्ति नहीं हुई।
नहर का कटाव रोका आज छोड़ा जाएगा पानी
सोनीपत के गांव बड़वासनी के नजदीक चार माह में दूसरी बार टूटी करियर लिंक चैनल (सीएलसी) नहर के कटाव को 32 सौ क्यूबिक मिट्टी डालकर बंद करने के बाद कंक्रीट डाल दी गई है। विभाग का दावा है कि सोमवार को सुबह नौ बजे तक नहर में पानी की सप्लाई शुरू कर दी जाएगी। नहर टूटने से गांव बड़वासनी और किलोहड़द में दूसरे दिन भी करीब 150 एकड़ भूमि जलमग्न रही।
गांव बड़वासनी के पास शुक्रवार देर रात करीब साढ़े 11 बजे सीएलसी नहर टूट गई थी। करीब 70 फीट टूटी नहर का पानी गांव बड़वासनी और किलोहड़द के खेतों में भरने के अलावा गोहाना-सोनीपत रोड पर बहने लगा था। अधिकारियों के नेतृत्व में सिंचाई विभाग की टीम कटाव को बंद करने में लगी थी। नहर में पीछे से आया पानी निकालने के बाद 200 डंपर की मदद से 32 सौ क्यूबिक मिट्टी डालकर कटाव को बंद करने के बाद उसे कंक्रीट से पक्का कर दिया गया। इसके सूखने के बाद नहर में पानी की आपूर्ति सुचारू कर दी जाएगी। दिल्ली को रविवार को भी 700 क्यूसेक पानी की आपूर्ति की गई।
सिंचाई विभाग के अधिकारियों का कहना है कि पश्चिमी यमुना लिंक नहर में खुबडू के पास से पानी डायवर्ट कर दिल्ली भेजा जा रहा है। पानी को ककरोई हेड से फिर से सीएलसी के माध्यम से ही भेजा जा रहा है। वहीं यमुना नदी से भी दिल्ली को पानी की आपूर्ति की जा रही है। उनका दावा है कि दिल्ली में पानी की कोई किल्लत नहीं है।
खेतों में भरा पानी घटा, सड़क पर लगा जाम : नहर टूटने से बड़वासनी और किलोहड़द के खेतों में भरे पानी का स्तर कम हो गया है। पानी भरने से फसल को नुकसान का अंदेशा है। इसमें धान की कटी हुई फसल तो बर्बाद ही हो जाएगी। वहीं किलोहड़द रोड पर रेलवे अंडरपास में अभी भी पानी भरा हुआ है। जिससे वाहन चिटाना व जुआं की तरफ नहरों के बीच बनी सड़क से गुजारे जा रहे हैं। इससे बड़वासनी के पास गोहाना-सोनीपत रोड पर जाम लग रहा है। पुलिस वाहनों को कड़ी मशक्कत के बाद निकाल रही है।