'एसडीएम को नहीं दिल्ली पुलिस को है धारा 144 लगाने का अधिकार'
दिल्ली पुलिस ने सिविल लाइंस स्थित मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल के आवास के पास एसडीएम द्वारा लगाई गई धारा 144 को गृह मंत्रालय की अधिसूचना का उल्लंघन बताया है।
एसडीएम को लिखे पत्र में उत्तरी दिल्ली के पुलिस उपायुक्त मधुर वर्मा ने कहा है कि एसडीएम को धारा 144 लगाने का अधिकार ही नहीं है। यह अधिकार गृह मंत्रालय की तरफ से पुलिस आयुक्त को मिला हुआ है। पुलिस उपायुक्त ने इस आदेश को वापस लेने के लिए कहा है।
पुलिस उपायुक्त के अनुसार गत दो अगस्त को सिविल लाइंस के एसडीएम ने सीआरपीसी की धारा 144 के तहत आदेश जारी किया है।
एसडीएम के आदेश को बताया दिल्ली पुलिस के काम में हस्तक्षेप
इसमें उन्होंने मुख्यमंत्री आवास व उसके आसपास किसी भी प्रकार की बैठक, पांच या उससे अधिक लोगों के एकत्रित होने, धरना प्रदर्शन करने आदि पर रोक लगाई है।
पुलिस उपायुक्त के मुताबिक यह आदेश गृह मंत्रालय के एक जुलाई 1967 को जारी की गई अधिसूचना का उल्लंघन है। इस अधिसूचना में दिल्ली में सीआरपीसी की धारा 144 लगाने का अधिकार पुलिस आयुक्त को दिया गया है न कि एग्जीक्यूटिव मजिस्ट्रेट या डिस्ट्रिक्ट मजिस्ट्रेट को।
एसडीएम द्वारा दिया गया यह आदेश पूरी तरह से गलत है। उन्होंने इस आदेश को दिल्ली पुलिस के कार्य में हस्तक्षेप बताया। पुलिस उपायुक्त ने बृहस्पतिवार को एसडीएम को लिखे पत्र के साथ उन्हें गृह मंत्रालय की अधिसूचना की कॉपी भी भेजी है।