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दिल्ली मेट्रो संग्रहालय: पेंटोग्राफ और मॉडल करेंगे दर्शकों को आकर्षित
Mon, 17 Jan 2022 05:34 PM IST
विक्रांत चतुर्वेदी
अमर उजाला ब्यूरो, नई दिल्ली
अमर उजाला ब्यूरो, नई दिल्ली
Published by: विक्रांत चतुर्वेदी
Updated Mon, 17 Jan 2022 05:34 PM IST
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दिल्ली मेट्रो स्टेशन
- फोटो : ट्विटर
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दिल्ली मेट्रो संग्रहालय में दर्शकों के लिए दो नए आकर्षण शामिल किए गए हैं। पेंटोग्राफ में पूरे देश में इस्तेमाल होने वाली मेट्रो ट्रेनों के आठ मॉडल शामिल किए गए हैं। पेंटोग्राफ ट्रेन की छत पर लगने वाला उपकरण होता है, जिसे ओवरहेड इलेक्ट्रिफिकेशन वायर (ओएचई) से परिचालन के लिए जरूरी बिजली मिलती है।
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कोविड-19 महामारी के दौरान रुकावटों के बावजूद दिल्ली मेट्रो संग्रहालय को और समृद्ध करने के लिए दिल्ली मेट्रो रेल कॉरपोरेशन (डीएमआरसी) की कोशिशें जारी हैं। डीएमआरसी को जापान सोसाइटी ऑफ सिविल इंजीनियर्स की ओर से प्रतिष्ठित पुरस्कार को भी यहां प्रदर्शित किया गया है। दिल्ली मेट्रो संग्रहालय की स्थापना वर्ष 2009 में पटेल चौक मेट्रो स्टेशन पर की गई थी। यहां मेट्रो के विकास के अलग-अलग चरणों को प्रदर्शित करने के लिए करीब 50 पैनल, मॉडल, प्रदर्शन सामग्री, फोटो गैलरी हैं।
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कोरोना के प्रकोप से पहले हर साल संग्रहालय देखने के लिए स्कूलों एवं कॉलेजों के 10 हजार से अधिक विद्यार्थी व अति विशिष्ट व्यक्ति देखने पहुंचते थे। ‘म्यूजियम फॉर चिल्ड्रन’ पहल के तहत संग्रहालय द्वारा बच्चों के लिए विभिन्न गतिविधियों जैसे कार्यशालाएं, ड्राइंग एवं पेंटिंग प्रतियोगिताएं, कठपुतली शो, फिल्म फेस्टिवल इत्यादि आयोजित किए जाते रहे हैं।
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कम दर्शक होने पर वक्त का जरूरी कार्यों में किया जाता है इस्तेमाल
संग्रहालय में दर्शकों की संख्या कम होने पर इस दौरान मरम्मत और पुनर्विकास कार्यों को पूरा करने का अभियान चलाया गया। इसके तहत पुराने पैनलों के बाहरी हिस्से को नई शक्ल दी गई, ताकि संग्रहालय को और अधिक आकर्षक बनाया जा सके। बड़े डिजिटल स्क्रीन के साथ ही मेट्रो ट्रेनों के मॉडल, स्टेशन और टनल बोरिंग मशीन (टीबीएम) के कटर-हैड के रखरखाव के लिए एक विशेषज्ञ एजेंसी की सेवाएं ली गई हैं।