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कनेक्ट दिल्ली: घर के 500 मीटर के दायरे में हर 15 मिनट में मिलेंगे सार्वजनिक वाहन
Sat, 23 Feb 2019 05:42 AM IST
Pranjal Dixit
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: Pranjal Dixit
Updated Sat, 23 Feb 2019 05:42 AM IST
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दिल्ली सरकार ने सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था को मजबूत करने की दिशा में कदम बढ़ाया है। योजना हर दिल्लीवासी को उसके घर के 500 मीटर के दायरे में 15 मिनट के भीतर सार्वजनिक वाहन मुहैया कराने की है। पायलेट प्रोजेक्ट के तौर पर रविवार को नजफगढ़ इलाके में इसकी शुरुआत हो रही है। ‘कनेक्ट दिल्ली’ नामक प्रोजेक्ट के पहले फेज की सफलता के आधार पर आगे इसका पूरी दिल्ली में विस्तार किया जाएगा।
दिल्ली सरकार के मुताबिक, राजधानी में सड़कों का घनत्व पूरे देश में सबसे ज्यादा है। इस वक्त एक वर्ग किमी के दायरे में 21 किमी लंबी सड़कें हैं, लेकिन करीब 30 फीसदी दिल्लीवासी ही सार्वजनिक परिवहन का इस्तेमाल करते हैं। इस समस्या की तह में जाने के लिए दिल्ली सरकार ने अध्ययन कराया था। इससे सार्वजनिक परिवहन की उपलब्धता का कम होना, बस स्टॉप पर इंतजार में लगने वाला ज्यादा समय, कुछ रूट पर बसों में भीड़भाड़ व कुछ में खाली दौड़ती बसें और सेवा का नियमित न होना जैसी बड़ी समस्याओं का पता चला।
अध्ययन से मिले फीडबैक के आधार पर दिल्ली सरकार ने कनेक्ट दिल्ली स्कीम बनाई है। इसमें लास्ट माइल कनेक्टिविटी पर खास जोर दिया गया है। घर के पांच सौ मीटर के दायरे में 15 मिनट से कम समय में सार्वजनिक परिवहन की उपलब्धता सुनिश्चित करना है। वहीं, परिवहन के अलग-अलग माध्यमों बस, टैक्सी, ग्रामीण सेवा, आरटीवी और ऑटो आदि को भी नियोजित करने की कोशिश इसमें की गई है।
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तीन महीने से ट्रायल चल रहा
दिल्ली सरकार के परिवहन मंत्री कैलाश गहलोत के मुताबिक, नजफगढ़ इलाके में बीते तीन महीनों से ट्रायल चल रहा है। इसके लिए पूरे नजफगढ़ में 17 रूटों की पहचान की गई। इसमें से तीन ट्रंक रूट हैं, जबकि 8 प्राइमरी रूट व 6 फीडर रूट हैं। फीडर रूट घर तक जाएगा, जबकि ट्रंक रूट शहरी उपकेंद्रों से मुख्य शहर को जोड़ेगा। प्राइमरी रूट फीडर रूट को ट्रंक रूट से जोड़ेगा। इस बीच 90 फीसदी तक चीजें योजना पर खरी उतर रही हैं। आगे इसे 95 फीसदी तक करने की योजना है। एक बार पायलेट प्रोजेक्ट के सफल होने पर इसे पूरी दिल्ली में अलग-अलग चरणों में लागू किया जाएगा।
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दिल्ली सरकार के मुताबिक, राजधानी में सड़कों का घनत्व पूरे देश में सबसे ज्यादा है। इस वक्त एक वर्ग किमी के दायरे में 21 किमी लंबी सड़कें हैं, लेकिन करीब 30 फीसदी दिल्लीवासी ही सार्वजनिक परिवहन का इस्तेमाल करते हैं। इस समस्या की तह में जाने के लिए दिल्ली सरकार ने अध्ययन कराया था। इससे सार्वजनिक परिवहन की उपलब्धता का कम होना, बस स्टॉप पर इंतजार में लगने वाला ज्यादा समय, कुछ रूट पर बसों में भीड़भाड़ व कुछ में खाली दौड़ती बसें और सेवा का नियमित न होना जैसी बड़ी समस्याओं का पता चला।
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अध्ययन से मिले फीडबैक के आधार पर दिल्ली सरकार ने कनेक्ट दिल्ली स्कीम बनाई है। इसमें लास्ट माइल कनेक्टिविटी पर खास जोर दिया गया है। घर के पांच सौ मीटर के दायरे में 15 मिनट से कम समय में सार्वजनिक परिवहन की उपलब्धता सुनिश्चित करना है। वहीं, परिवहन के अलग-अलग माध्यमों बस, टैक्सी, ग्रामीण सेवा, आरटीवी और ऑटो आदि को भी नियोजित करने की कोशिश इसमें की गई है।
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तीन महीने से ट्रायल चल रहा
दिल्ली सरकार के परिवहन मंत्री कैलाश गहलोत के मुताबिक, नजफगढ़ इलाके में बीते तीन महीनों से ट्रायल चल रहा है। इसके लिए पूरे नजफगढ़ में 17 रूटों की पहचान की गई। इसमें से तीन ट्रंक रूट हैं, जबकि 8 प्राइमरी रूट व 6 फीडर रूट हैं। फीडर रूट घर तक जाएगा, जबकि ट्रंक रूट शहरी उपकेंद्रों से मुख्य शहर को जोड़ेगा। प्राइमरी रूट फीडर रूट को ट्रंक रूट से जोड़ेगा। इस बीच 90 फीसदी तक चीजें योजना पर खरी उतर रही हैं। आगे इसे 95 फीसदी तक करने की योजना है। एक बार पायलेट प्रोजेक्ट के सफल होने पर इसे पूरी दिल्ली में अलग-अलग चरणों में लागू किया जाएगा।
नजफगढ़ में 17 रूट की हुई पहचान
तीन ट्रंक रूट : 5-10 मिनट में मिलेगी बस
8 प्राइमरी रूट : 10-20 मिनट में मिलेगी बस, टैक्सी फीडर बस व ग्रामीण सेवा भी रहेगी मौजूद।
6 फीडर रूट : 20-45 मिनट में मिलेगी बस, टैक्सी फीडर बस, ग्रामीण सेवा, ऑटो और ई-रिक्शा।
तीन रूट की बसें चलेंगी ट्रंक रूट पर
नजफगढ़ से इंद्रलोक रूट नंबर 817
नजफगढ़ से मोरी गेट रूट नंबर 817 एन
नजफगढ़ से नेहरू प्लेस रूट नंबर 764
इन गांवों को होगा फायदा
रोशनपुरा, नांगली सकरवती, मितरान, खैर, छावला, दिनदारपुर, जफरपुर कलां, उजवा, धनसा, काजी पुर, झटीकरा, दरयापुर खुर्द, घुम्मनहेरा, खरखरी नाहर, खरखरी रोड, शेरपुर डेरी, पिंडवाला कलां, पिंडवाला खुर्द, दौराला, गालिबपुर, राओता, हसनपुर, शिकारपुर, दौतलपुर, झरौदा कलां, सारंगपुर, गोयला खुर्द, तेजपुर खुर्द, खेरा डाबर, सुरेरा, मुंडेला कलां, नानाखेरी, बदूसराय, कानगन्हेरी, झरोदा कलां, सारंगपुर, गोयल खुर्द, तेजपुर खुर्द, दौलतपुर और मुंधेला कलां आदि।
तीन ट्रंक रूट : 5-10 मिनट में मिलेगी बस
8 प्राइमरी रूट : 10-20 मिनट में मिलेगी बस, टैक्सी फीडर बस व ग्रामीण सेवा भी रहेगी मौजूद।
6 फीडर रूट : 20-45 मिनट में मिलेगी बस, टैक्सी फीडर बस, ग्रामीण सेवा, ऑटो और ई-रिक्शा।
तीन रूट की बसें चलेंगी ट्रंक रूट पर
नजफगढ़ से इंद्रलोक रूट नंबर 817
नजफगढ़ से मोरी गेट रूट नंबर 817 एन
नजफगढ़ से नेहरू प्लेस रूट नंबर 764
इन गांवों को होगा फायदा
रोशनपुरा, नांगली सकरवती, मितरान, खैर, छावला, दिनदारपुर, जफरपुर कलां, उजवा, धनसा, काजी पुर, झटीकरा, दरयापुर खुर्द, घुम्मनहेरा, खरखरी नाहर, खरखरी रोड, शेरपुर डेरी, पिंडवाला कलां, पिंडवाला खुर्द, दौराला, गालिबपुर, राओता, हसनपुर, शिकारपुर, दौतलपुर, झरौदा कलां, सारंगपुर, गोयला खुर्द, तेजपुर खुर्द, खेरा डाबर, सुरेरा, मुंडेला कलां, नानाखेरी, बदूसराय, कानगन्हेरी, झरोदा कलां, सारंगपुर, गोयल खुर्द, तेजपुर खुर्द, दौलतपुर और मुंधेला कलां आदि।