अनाज मंडी अग्निकांडः 43 में से 40 के शव सौंपे, 3 बाकी
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हादसे में मारे गए 43 में से 40 लोगों के शव मंगलवार देर शाम तक उनके परिजनों को सौंप दिए गए। तीन शव अब भी लोकनायक अस्पताल की मोर्चरी में हैं। बुधवार को परिजनों के आने के बाद इनका पोस्टमार्टम किया जाएगा।
सोमवार को लोकनायक अस्पताल के डॉक्टरों ने रात साढ़े 9 बजे तक 17 पोस्टमार्टम किए थे। वहीं लेडी हार्डिंग मेडिकल कॉलेज में रखे 9 शवों का पोस्टमार्टम हुआ था। मंगलवार को 14 शवों का पोस्टमार्टम हुआ। पुलिस के मुताबिक, सहरसा के अफजल, दरभंगा के इखलाक और मधुबनी के जियाउर रहमान के परिजन नहीं पहुंच सके हैं।
अस्पताल प्रबंधन के अनुसार, लोकनायक अस्पताल में 43 में से 34 लोगों के शव पहुंचे थे। इनमें से 31 का पोस्टमार्टम हो चुका है। हादसे को 48 घंटे से भी ज्यादा समय गुजरने और शवों की स्थिति लगातार बिगड़ने के साथ ही इन्हें बिहार ले जाने में दो दिन लगने को देखते हुए मंगलवार को सभी शवों का पोस्टमार्टम के बाद लेपन किया गया।
इसके लिए शवों को कापसहेड़ा भेजा गया। वहां एक निजी कंपनी के जरिये शवलेपन की क्रिया कराई जा रही है। लेपन के बाद कुछ समय तक शव को बगैर डी फ्रिज सुरक्षित रखा जा सकता है।
मुश्किल से हुई दो शवों की पहचान
लोकनायक अस्पताल के डॉक्टरों का कहना है कि दो शव ऐसे हैं, जिन्हें मुश्किल से पहचाना जा सका है। आग की चपेट में आने के कारण इनकी पहचान मुश्किल हो रही थी। हालांकि इसके बाद भी परिजनों और दोस्तों ने मिलकर इनकी पहचान कर ली है।
चार थे यूपी के, बाकी बिहार के
पुलिस के अनुसार, घटना में मारे गए 43 लोगों में से 4 यूपी के मुरादाबाद और बिजनौर जिलों के निवासी थे। बाकी सभी 39 लोग बिहार के मुजफ्फरपुर, दरभंगा, बेगूसराय, समस्तीपुर और सहरसा जिलों के निवासी थे।