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Delhi Elections 2025 : पाकिस्तानी हिंदू शरणार्थियों ने पहली बार किया वोट, नागरिकता संशोधन अधिनियम ने दिया अवसर
Thu, 06 Feb 2025 05:56 AM IST
दुष्यंत शर्मा
अमर उजाला नेटवर्क, दिल्ली
अमर उजाला नेटवर्क, दिल्ली
Published by: दुष्यंत शर्मा
Updated Thu, 06 Feb 2025 05:56 AM IST
सार
पाकिस्तानी शरणार्थियों ने नागरिकता संशोधन अधिनियम के तहत नागरिकता मिलने के बाद पहली बार वोट डाला है। मतदान करने के लिए लोग उत्साहित दिखे।
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विस्तार
इस विधानसभा चुनाव में पहली बार पाकिस्तान के हिंदू शरणार्थियों ने अपने मताधिकार का प्रयोग किया। पाकिस्तानी शरणार्थियों ने नागरिकता संशोधन अधिनियम के तहत नागरिकता मिलने के बाद पहली बार वोट डाला है। मतदान करने के लिए लोग उत्साहित दिखे। वह सुबह से ही मजनू का टीला स्थित मतदान केंद्र के बाहर कतार में खड़े थे।
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मजनू का टीला स्थित एक मतदान केंद्र पर 50 वर्षीय रेशमा ने अपने जीवन में पहली बार मतदान किया। उन्होंने कहा कि केवल एक उम्मीदवार को चुनने के लिए नहीं बल्कि अपने परिवार के भविष्य के लिए भी मताधिकार का इस्तेमाल किया है। शरणार्थियों में से एक जो अब भारतीय मतदाता हैं धनवती ने कहा कि उन्होंने पहली बार भारत में मतदान किया है।
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उन्हें बहुत खुशी हो रही है कि अब वह देश के नागरिक हैं। वहीं, पाकिस्तानी शरणार्थियों में से एक शंकर ने कहा कि वह 2013 में पाकिस्तान से यहां आए थे। उन्हें पिछले महीने वोटर कार्ड मिला है। वोट डालने के बाद बहुत खुश हैं। यहां 100 से ज्यादा परिवारों ने वोट डाला है।
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पाकिस्तान से आए 186 हिंदू शरणार्थियों को नागरिकता (संशोधन) अधिनियम के तहत भारतीय नागरिकता मिली है। पाकिस्तानी हिंदू शरणार्थी कैंप के अध्यक्ष धर्मवीर सोलंकी ने उम्मीद जताई की अब उनका संघर्ष कम हो सकता है। अब उन सबको लगातार अपना स्थान नहीं बदलना पड़ेगा। अंततः स्थायी घर और आजीविका का स्थिर साधन मिल जाएगा।
27 वर्षीय यशोदा को सबसे पहले भारत की नागरिकता मिली थी और उन्हें प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी से मिलने का भी मौका मिला था। मतदान केंद्र के बाहर कतार में खड़ी यशोदा अपनी खुशी नहीं रोक पाईं। उन्होंने कहा कि कई साल दिहाड़ी मजदूरी करके गुजारे हैं और जीने के लिए संघर्ष किया है। अब जब भारतीय नागरिकता है तो उम्मीद है कि उन्हें उचित नौकरी, घर और सम्मानजनक जीवन मिलेगा।