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ये दूध बन सकता है जान के लिए खतरा!

Sun, 12 Oct 2014 09:09 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, नोएडा
ब्यूरो/अमर उजाला, नोएडा Updated Sun, 12 Oct 2014 09:09 AM IST
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Dangerous milk.

त्योहार का सीजन आने वाला है ऐसे में बाजार में दूध और इससे जुड़े उत्पादों की मांग बढ़ेगी। इसलिए ज्यादा से ज्यादा दूध निकालने की कोशिश में गाय और भैंसों में ऑक्सीटोसिन का इंजेक्शन लगाया जाता है। इस दूध का सेवन स्वास्थ के लिए बेहद खतरनाक है। ऑक्सीटोसिन के इंजेक्शन पर रोक के बावजूद इसका इस्तेमाल गाय और भैंस में दूध का उत्पादन बढ़ाने के लिए किया जाता है।

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दादरी में खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन काफी समय पहले ऐसे इंजेक्शन की खेप पकड़ चुका है। माना जाता है कि गाय-भैंस दूध देने के बावजूद लगभग 25 फीसदी अपने बच्चों के लिए बचा लेती हैं। यह इंजेक्शन देकर उस दूध को भी निकाल लिया जाता है जो खतरनाक है।
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मौलाना आजाद मेडिकल कॉलेज दिल्ली के प्रोफेसर डॉ. जुगल किशोर बताते हैं कि मस्तिष्क के अंदर हाइपोथेलमस ग्लैंड में ऑक्सीटोसिन हॉरमोन बनता है। यह महिलाओं में ज्यादा मात्रा में स्रावित होता है।
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डॉ. किशोर बताते हैं कि कोई भी हॉरमोनल केमिकल शरीर को बाहर से दिए जाए तो इसका बुरा असर पड़ता है। गाय या भैंस के दूध में इसकी वजह से स्रावित होने वाले अन्य केमिकल आ सकते हैं, जो कि मानव शरीर के लिए हानिकारक होते हैं।   
गौतमबुद्धनगर के ड्रग इंस्पेक्टर राजेश श्रीवास्तव बताते हैं कि अस्पतालों में गर्भवती महिला की जरूरत के आधार पर उसे इसका इंजेक्शन दिया जाता है।

इसका काम प्रसव पीड़ा बढ़ाने, डिलीवरी के बाद बच्चेदानी को सिकोड़ने और मां में दूध उतारने की प्रक्रिया को उत्प्रेरित करना है। दादरी में परचून की दुकान में इसके इंजेक्शन पकड़े गए थे। हालांकि इसके बाद ऐसी कोई सूचना नहीं मिली है।

गौतमबुद्ध नगर केमिस्ट एसोसिएशन के महासचिव अनूप खन्ना बताते हैं कि केमिस्ट बिना डॉक्टरी परामर्श के इंजेक्शन नहीं देते हैं। गांवों में छापेमारी अभियान जरूरी है। एसोसिएशन को ऐसी कोई सूचना मिलती है तो इसकी जानकारी ड्रग विभाग को तुरंत दी जाती है।

ऑक्सीटोसिन के अधिक मात्रा से नुकसान
- शरीर का विकास प्रभावित होता है।
- कम उम्र में ही सेक्सुअल गतिविधि बढ़ोतरी।
- बच्चों का उम्र से पहले परिपक्व होना।
- हाइपोथेलमस ग्लैंड में ट्यूमर होने की काफी संभावना।
- लड़कों में लड़कियों जैसे लक्षण आदि।
(डॉक्टरों से मिली जानकारी पर आधारित)

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