फेसबुक-वाट्सएप से चल रहा सेक्स रैकेट
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साइबर सिटी में देह व्यापार का धंधा इस कदर हावी हो गया है कि पुलिस भी इन्हें पकड़ने में नाकाम साबित हो रही है।
आलम यह है कि पुलिस की पकड़ से बचने के लिए अब इंटरनेट पर धड़ल्ले से देह व्यापार किया जा रहा है जिसमें पूरी डील फाइनल कर रात में इन्हें दिल्ली के रास्ते गुड़गांव तक लाया जाता है।
हाल ही में गुड़गांव में सेक्स रैकेट में पकड़ी गई कुछ लड़कियों ने पुलिस पूछताछ में बताया कि इंटरनेट के द्वारा उनकी डील हुई और उसके बाद निश्चित तारीख पर गुड़गांव आईं।
इंटरनेट के जरिए हो रहा खेल
इंटरनेट पर ऐसी अनगिनत वेबसाइट और फेसबुक, ट्विटर अकाउंट बने हैं जिन पर युवा धड़ल्ले से फोटो के साथ उनके भाव कर रहे हैं।
इतना ही नहीं, वाट्स एप पर भी लोगों को फोटो और नंबरों के साथ कॉंटैक्ट किया जाता है जिसमें डील फाइनल होने के बाद बतौर एडवांस राशि लेकर वे निश्वित तारीख पर अपनी सर्विस देते हैं।
शहर में पब-बार से लेकर पॉश इलाकों में धड़ल्ले से देह व्यापार किया जा रहा है इसके बावजूद पुलिस उन तक पहुंच नहीं पा रही है।
क्यों छूट जाते हैं आरोपी?
नए गुड़गांव ही नहीं बल्कि ओल्ड गुड़गांव में सिविल अस्पताल के आगे पूरे रास्ते पर वेश्यावृत्ति का खुला खेल चलता है। इसे लेकर प्रशासन आंख मूंदे हुए हैं।
इस बारे में एसीपी डीएलएफ दलबीर सिंह का कहना है कि शहर के पॉश एरिया में देह व्यापार की शिकायत आती रहती है इसके लिए कार्रवाई भी की जाती है।
एसीपी के मुताबिक कानून के लचीलेपन के चलते देह व्यापार के धंधे में पकड़े जाने वाले आरोपियों की जमानत हो जाती है जिसके चलते लोग इसका फायदा उठा रहे हैं।
दो महीने में खुले कई मामले
-22 अप्रैल को डीटी सिटी सेंटर में स्पा सेंटर में पांच लड़कियों को पुलिस ने गिरफ्तार किया।
-19 अप्रैल को चकरपुर से पुलिस ने वेश्यावृत्ति के आरोप में चार लड़कियों को पकड़ा था।
-2 अप्रैल को सेक्टर-29 स्थित लेजरवैली ग्राउंड के पास से पुलिस ने सेक्स रैकेट में शामिल पांच लड़कियों को गिरफ्तार किया था।
-28 मार्च को सेक्टर-31 मार्केट में स्पा सेंटर के नाम पर चल रहे वेश्यावृत्ति में पुलिस ने कई लड़कियों को गिरफ्तार किया था।