सिम की वैधता बढ़ाने के बहाने ठगे एक लाख रुपये
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सिम की वैधता बढाने का झांसा दे एक व्यक्ति के खाते से पांच बार में एक लाख रुपये निकाल लिए गए। मोबाइल नेटवर्कन आने पर पीड़ित ने कस्टमर केयर पर फोन किया। कस्टमर केयर ने वैधता बढ़ाने का कोई फोन पीड़ित को न किए जाने की जानकारी दी। इसके बाद पीड़ित को शक हुआ।
उसने बैंक खाता चेक किया तो उसे रकम ट्रांसफर होने का पता चला। मामले में पीड़ित ने थाना सेक्टर-39 में एफआईआर दर्ज कराई है। बैंक खाते से रकम निकलने की ये वारदात सेक्टर-41 निवासी निष्ठा वशिष्ठ के साथ हुई है। उनके पास 29 मार्च को एक फोन आया।
फोन करने वाले ने खुद को टेलीकॉम कंपनी का प्रतिनिधी बता उनके सिम की वैधता बढ़ाने का ऑफर दिया। उसने सिम नंबर 121 पर भेजने को कहा। पीड़ित ने सिम नंबर मैसेज कर दिया।
अगले दिन गायब रहा नेटवर्क
इसके बाद अगले दिन सुबह तक उनके मोबाइल में नेटवर्क गायब रहा। परेशान होकर उन्होंने कस्टमर केयर पर फोन किया तो उन्हें पता चला कि उनका सिम बंद कराकर दोबारा शुरू कराया जा चुका है।
कस्टमर केयर ने बताया कि उनकी तरफ से पीड़ित को सिम की वैधता बढ़ाने के लिए कोई फोन नहीं किया गया। इस पर पीड़ित को संदेह हुआ और उसने तत्काल अपने बैंक में फोन किया।
इस बैंक खाते में उनका यही मोबाइल नंबर दर्ज था। बैंक से उन्हें पता चला कि उनके खाते से 19990 रुपये चार दूसरे खाते में ट्रांसफर किए गए हैं। 19999 रुपये का एक ट्रांजेक्शन यूपीआई एप के जरिए किया गया है।
उनके खात से कुल 99959 रुपये ट्रांसफर हुए थे। थाना सेक्टर-39 मामले की जांच कर रही है। एक अन्य मामले में साइबर ठग ने हिंडन विहार में रहने वाली एक महिला को फोन कर उसके एटीएम कार्ड की जानकारी ली और उसके खाते से 20 हजार रुपये ट्रांसफर कर लिए। इस मामले में भी थाना सेक्टर-49 पुलिस से शिकायत की गई है।