{"_id":"f5aceed809074b00499aba1990e861a1","slug":"murder-arrested-with-fake-number-plate-car","type":"story","status":"publish","title_hn":"फर्जी नंबर प्लेट लगाकर घूम रहे थे हत्यारे","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
फर्जी नंबर प्लेट लगाकर घूम रहे थे हत्यारे
ब्यूरो/अमर उजाला, नई दिल्ली
Updated Tue, 29 Jul 2014 02:00 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
दिल्ली की पश्चिम विहार पुलिस ने 8 माह पहले ड्राइवर गौरव की हत्या के मामले को सुलझाने का दावा किया है।
विज्ञापन
हत्या के आरोप में पुलिस ने विष्णु गार्डन निवासी कार चालक सुमित (30), निहाल विहार निवासी कंवलजीत (22) और उसकी मां दलविंदर कौर (42) को गिरफ्तार किया है। गौरव का शव 1 नवंबर को गन्नौर (सोनीपत) से मिला था। सोनीपत में इस बाबत हत्या का मामला दर्ज है।
पढ़ें:नवविवाहिता की मौत, दहेज हत्या की रिपोर्ट
विज्ञापन
जिले के अतिरिक्त पुलिस आयुक्त रणवीर सिंह ने बताया कि वाहन तलाशी के दौरान 25 जुलाई को पुलिस ने फर्जी नंबर प्लेट लगी एसेंट कार रोकी। गाड़ी का नंबर दक्षिण जिले के एक मर्सडीज कार का था। पुलिस ने ड्राइवर सुमित को गिरफ्तार कर लिया।
विज्ञापन
उसने बताया कि वह एक पांच सितारा होटल में किराये पर कार चलाता है। यह कार कंवलजीत और दलविंदर से 40 हजार रुपये में खरीदी थी। जांच में पता चला कि एसेंट का रजिस्ट्रेशन वजीराबाद निवासी सुनील के नाम से है।
पढ़ें:मेवात मॉड्यूल का मास्टर माइंड अब्दुल सुभान गिरफ्तार
सुनील ने बताया कि उसका भाई गौरव मजनूं का टीला स्टैंड से कार किराये पर चलाता था। पिछले साल 31 अक्तूबर को कुछ लोग कार किराये पर लेकर लुधियाना ले गए थे। बाद में गौरव का शव सोनीपत में मिला था। इसके बाद पुलिस ने कंवलजीत को दबोच लिया।
कंवलजीत ने बताया कि ड्रग्स तस्करी में उसका पिता गुरचरण जेल में है। उसके जीत नामक युवक भी जेल में बंद था। जेल से निकलने के बाद जीत ने विकास, नरेंद्र और अनिल के साथ कार को किराये पर लेकर लूटने की योजना बनाई। उन लोगों ने कंवलजीत और उसकी मां को भी वारदात में शामिल कर लिया। पुलिस ने 27 जुलाई को दलविंदर को गिरफ्तार कर लिया।