बुलंदशहर गैंगरेप : फास्ट ट्रैक कोर्ट में चलेगा केस, कोताही बरतने वाले अफसर भेजे जाएंगे जेल
उत्तर प्रदेश के मुख्य सचिव दीपक सिंघल ने कहा है कि बुलंदशहर गैंगरेप के आरोपियों का केस फास्ट ट्रैक कोर्ट में चलेगा। उनके खिलाफ रासुका लगाई जाएगी।
उन्होंने कहा कि हम जनता के लिए काम करते हैं। पुलिस, प्रशासन को 15 दिन की मोहलत और दी गई है। कोताही बरतने पर अफसर जेल भी भेजे जा सकते हैं।
सिंघल ने बताया कि गैंगरेप का मुख्य आरोपी गिरफ्तार कर लिया गया है, लेकिन उसे जल्द और सख्त सजा मिले इसके लिए मुख्यमंत्री चाहते हैं कि केस की सुनवाई फास्ट ट्रैक कोर्ट में हो।
आरोपियों के खिलाफ लगाई जाएगी रासुका
इस बारे में आदेश संबधित अफसरों को दे दिए गए हैं। सिंघल ने कहा कि पहली बार ऐसा हुआ है कि किसी केस में एसएसपी से लेकर सिपाही तक एक साथ सस्पेंड किए गए हैं।
मुख्य सचिव ने कहा कि सूबे में नौकरशाही को जवाबदेह बनाया जा रहा है। फिलहाल सभी डीएम और एसएसपी को 15 दिन की मोहलत दी गई है कि वे सरकार की हर योजना चाहे वह विकास की हो या फिर कानून व्यवस्था में सुधार की, उसमें फर्क दिखाएं।
15 दिन के बाद समीक्षा की जाएगी। सुधार नहीं होने पर कार्रवाई की जाएगी। दीपक सिंघल का साफ कहना है कि अफसरों को सरकार की मंशा के मुताबिक तय वक्त में रिजल्ट देना होगा। अगर उसमें लापरवाही सामने आती है तब ऐसे अफसरों को जेल भेजने में भी कोताही नहीं की जाएगी।