'दिल्ली किसी के बाप की जागीर नहीं है'
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राज्यसभा में भाजपा सांसद और दिल्ली भाजपा के पूर्व अध्यक्ष विजय गोयल के बयान से राजधानी में बवाल मचा है। भाजपा सांसद के बयान पर जहां विरोधी दल उनसे माफी मांगने की बात कह रहे हैं वहीं, विजय गोयल का कहना है कि उनके बयान को तोड़मरोड़ कर पेश किया गया है।
सांसद विजय गोयल ने राज्यसभा में दिल्ली के बजट पर चर्चा के दौरान कहा था कि दिल्ली में यूपी और बिहार के लोगों को नहीं आना चाहिए।
गोयल के बयान पर उठे सियासी तूफान के बीच दिल्ली कांग्रेस के एक नेता जोरदार वार किया है। यही नहीं आम आदमी पार्टी ने भी भाजपा को इस मुद्दे पर घेरने कोशिश की है।
'दिल्ली को मिला दूसरा राज ठाकरे'
दरअसल, भाजपा सांसद विजय गोयल ने बृहस्पतिवार को राज्यसभा में दिल्ली के बजट पर चर्चा के दौरान कहा था कि दिल्ली में रोजाना दूसरे राज्यों से लोग आते हैं, इनमें ज्यादातर उप्र और बिहार के होते हैं।
उन्होंने कहा था कि दूसरे राज्यों में रोजगार न होने के चलते वहां के लोग दिल्ली आकर बस जाते हैं इससे यहां स्लम लगातार बढ़ता जा रहा है।
गोयल के इस बयान पर कांग्रेस नेता महाबल मिश्रा ने कहा कि दिल्ली किसी के बाप की नहीं है। कांग्रेस नेता राजीव शुक्ला ने भी कहा कि विजय गोयल दिल्ली के राज ठाकरे
बनने की कोशिश कर रहे हैं। गोयल के बयान पर संसद के दोनों सदनों में भी
जमकर हंगामा हुआ।
गोयल ने दी सफाई
आम आदमी पार्टी ने भी गोयल के बयान की निंदा की है। पार्टी ने कहा कि यूपी और बिहार देश के अभिन्न अंग हैं। आप ने कहा कि गोयल को अपने इस बयान पर माफी मांगनी चाहिए।
वहीं, विजय गोयल ने कहा कि उनके बयान को गलत ढंग से पेश किया जा रहा है। उनका कहना है कि अगर देश के दूसरे राज्यों में भी विकास और रोजगार के अवसर होंगे तो वहां के लोगों को दिल्ली या किसी और राज्य की ओर नहीं भागना पड़ेगा।