Delhi: संयुक्त विपक्ष बनने के पहले ही बिखरने के आसार, केजरीवाल का अल्टीमेटम, बोले- रुख साफ करे कांग्रेस
आप ने गुरुवार को धमकी दी है कि अगर कांग्रेस केंद्र सरकार द्वारा लाए गए अध्यादेश के विरोध में उनकी पार्टी का समर्थन नहीं है तो वह शुक्रवार को होने वाली प्रमुख विपक्षी दलों की मीटिंग में शामिल नहीं होगी।
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भाजपा के खिलाफ संयुक्त विपक्ष बनने के पहले ही बिखरने के आसार दिख रहे हैं। पटना में विपक्षी दलों की संयुक्त मीटिंग होने के एक दिन पहले ही दिल्ली के सीएम और आम आदमी पार्टी के संयोजक ने तल्ख तेवर दिखाए हैं। मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने कांग्रेस को चेतावनी दी है कि अगर केंद्र द्वारा दिल्ली की नौकरशाही को नियंत्रित करने वाले अध्यादेश पर समर्थन नहीं देती है तो वह विपक्षी दलों की मीटिंग का बहिष्कार करेंगे।
आप ने गुरुवार को धमकी दी है कि अगर कांग्रेस केंद्र सरकार द्वारा लाए गए अध्यादेश के विरोध में उनकी पार्टी का समर्थन नहीं है तो वह शुक्रवार को होने वाली प्रमुख विपक्षी दलों की मीटिंग में शामिल नहीं होगी। बता दें कि केंद्र दिल्ली राज्य की नौकरशाही पर नियंत्रण के लिए एक अध्यादेश लाया है। इस अध्यादेश के कानून बनने के बाद दिल्ली सरकार का नियंत्रण प्रशासन से खत्म हो जाएगा। पिछले महीने केंद्र द्वारा पेश किए अध्यादेश का उद्देश्य दिल्ली अंडमान और निकोबार द्वीप समूह सिविल सेवा (DANICS) कैडर के समूह-ए अधिकारियों के खिलाफ स्थानांतरण और अनुशासनात्मक कार्यवाही के लिए एक राष्ट्रीय राजधानी सिविल सेवा प्राधिकरण की स्थापना करना है।